न्यूयॉर्क में भारतीय स्वतंत्रता दिवस मनाने का प्रस्ताव पारित, भारतीय विरासत और लोकतंत्र का अमेरिकी धरती पर होगा भव्य सम्मान, बढ़ा गौरव।
प्रतीकात्मक फोटो - Rex TV India
न्यूयॉर्क, अमेरिका। न्यूयॉर्क में भारतीय स्वतंत्रता दिवस का आयोजन अब केवल एक औपचारिक तारीख नहीं, बल्कि गौरव और सम्मान का एक महापर्व बनने जा रहा है। न्यूयॉर्क स्टेट सीनेट ने एक महत्वपूर्ण प्रस्ताव पारित किया है, जिसमें गवर्नर से 15 अगस्त, 2026 को आधिकारिक रूप से 'भारतीय स्वतंत्रता दिवस' के रूप में घोषित करने का आग्रह किया गया है। यह निर्णय न केवल भारत की महान सभ्यता को नमन करता है, बल्कि अमेरिका में बसे भारतीय समुदाय के उन अथक प्रयासों को भी सलाम करता है, जिन्होंने अपनी मेहनत से वहां के सामाजिक ताने-बाने को समृद्ध किया है।
यह संकल्प सीनेटर जेरेमी कूनी द्वारा प्रायोजित किया गया था, जो भारत और अमेरिका के बीच गहरे होते मानवीय रिश्तों का प्रतीक है। न्यूयॉर्क में भारतीय प्रवासियों का बढ़ता प्रभाव और उनका योगदान अब अमेरिकी मुख्यधारा का अभिन्न हिस्सा बन चुका है। प्रस्ताव में महात्मा गांधी की शांति की विरासत, भारत की लोकतांत्रिक परंपराओं और सदियों पुराने सांस्कृतिक वैभव को विशेष रूप से रेखांकित किया गया है।[1]
न्यूयॉर्क में भारतीय स्वतंत्रता दिवस मनाने का प्रस्ताव पारित करते हुए सीनेट के कई सदस्यों ने भारत को लोकतंत्र का वैश्विक मॉडल बताया। सीनेटर जॉन लियू ने भावुक होते हुए कहा कि भारत केवल एक देश नहीं, बल्कि हजारों वर्षों से चली आ रही एक सभ्यता है, जो अमेरिका से भी लंबे समय से लोकतंत्र के मूल्यों को जी रही है। यह मान्यता भारतीय मूल के उन अमेरिकियों के लिए एक गर्व का क्षण है, जो वहां रहकर भी अपनी जड़ों से मजबूती से जुड़े हुए हैं।
सीनेटरों ने माना कि गांधी का शांति संदेश आज भी उतना ही प्रासंगिक है, जितना आजादी के समय था। सीनेटर जोसेफ एडैबो जूनियर ने गांधी के उन शब्दों को याद किया कि भविष्य इस बात पर निर्भर करता है कि हम आज क्या करते हैं। यह संदेश न केवल भारतीय-अमेरिकियों को, बल्कि आने वाली पीढ़ियों को भी निरंतर प्रेरित कर रहा है। न्यूयॉर्क के हर जिले में भारतीय समुदाय की भागीदारी आज एक प्रेरणा बन चुकी है।
"भारतीय-अमेरिकी समुदाय हमारे दैनिक जीवन के ताने-बाने में बुना हुआ है। वे हमारे पड़ोसी हैं, जो यहां परिवार बढ़ा रहे हैं, महत्वपूर्ण व्यवसायों में कार्यरत हैं और हमारे क्षेत्र के चरित्र को आकार देने में मदद कर रहे हैं," जेरेमी ज़ेलनर, सीनेट सदस्य।
सीनेटर टोबी ऐन स्टविसकी ने दोनों देशों के बीच 'मित्रता की परंपरा' को और अधिक प्रगाढ़ करने का आह्वान किया। प्रस्ताव में कहा गया है कि न्यूयॉर्क राज्य का यह रिवाज है कि वे उन आधिकारिक दिनों को मान्यता दें जो उनके नागरिकों की सांस्कृतिक विरासत के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। भारत की स्वाधीनता का संघर्ष, जिसने 90 वर्षों के कठिन दौर के बाद आत्मनिर्णय का अधिकार हासिल किया, दुनिया भर के लोगों के लिए प्रेरणा का स्रोत है।
न्यूयॉर्क में भारतीय स्वतंत्रता दिवस मनाए जाने की खबर का स्वागत करते हुए न्यूयॉर्क स्थित भारतीय महावाणिज्य दूतावास ने इसे दोनों देशों के बीच लोकतंत्र और मित्रता के साझा मूल्यों का प्रतीक बताया। दूतावास ने सोशल मीडिया पर अपनी खुशी साझा करते हुए कहा, "भारत की विरासत से न्यूयॉर्क के दिल तक: लोकतंत्र और समुदाय के बंधनों का उत्सव।" यह सम्मान उन सभी भारतीयों के लिए है, जिन्होंने अपनी मेहनत और मेधा से अमेरिका की विकास यात्रा में चार चांद लगाए हैं।
सीनेटर स्टीवन रोड्स और जैक मार्टिंस ने भी गर्व के साथ कहा कि वे ऐसे जिले का प्रतिनिधित्व करते हैं जो गतिशील भारतीय आबादी से समृद्ध है। भारतीय मूल के लोग न केवल व्यवसायी और नागरिक नेता के रूप में सक्रिय हैं, बल्कि वे स्कूलों में भी शैक्षणिक रूप से उत्कृष्ट प्रदर्शन कर रहे हैं। वे वास्तव में भविष्य का मार्ग हैं। यह प्रस्ताव उन सभी के लिए एक भावुक श्रद्धांजलि है जो अपनी मातृभूमि के सम्मान को सात समंदर पार भी जीवित रखे हुए हैं।