दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर एक भीषण सड़क दुर्घटना हुई है। इको कार, ट्रक और बस की टक्कर से चार लोगों की मौत हो गई। ईको चालक की लापरवाही के कारण यह हादसा हुआ।
भीषण सड़क दुर्घटना
दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर बीती रात एक दिल दहला देने वाली घटना हुई। समयाला गांव के पास एक्सप्रेसवे पर इको कार, आइशर ट्रक और एक लक्जरी बस आपस में टकरा गईं। इस दौरान हुई भीषण सड़क दुर्घटना इतनी भयावह थी कि चार लोगों की मौके पर ही दुखद मृत्यु हो गई और इको कार पूरी तरह से क्षतिग्रस्त होकर बिखर गई।[1]
हादसे में पांच अन्य यात्री गंभीर रूप से घायल हैं, जिन्हें स्थानीय अस्पतालों में आपातकालीन उपचार के लिए भर्ती किया गया है। घटनास्थल पर मची चीख-पुकार से पूरा हाईवे थर्रा उठा। सूचना मिलते ही पुलिस और बचाव दल तत्काल मौके पर पहुंच गए। कड़ी मशक्कत के बाद टीम ने क्षतिग्रस्त कार में फंसे यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला। वरिष्ठ अधिकारी भी स्थिति का जायजा लेने के लिए मौके पर पहुंचे और राहत कार्यों का नेतृत्व किया।
प्राथमिक जांच में सामने आया है कि इको कार में सवार सभी यात्री पास के गांव के निवासी थे। ये लोग रात के समय अहमदाबाद और मेहसाणा की ओर यात्रा कर रहे थे। जानकारी के मुताबिक, वाहन चालक ने रूट की जानकारी न होने या जल्दबाजी में गाड़ी को गलत दिशा में चढ़ा दिया। इसी चूक के कारण तेज रफ्तार बस और ट्रक ने गलत दिशा से आ रही कार को जोरदार टक्कर मार दी।
इस एक गलती ने एक पूरे परिवार की खुशियों को मातम में बदल दिया। गाड़ी में कुल आठ यात्री सवार थे, जिनमें से चार ने घटनास्थल पर ही दम तोड़ दिया। रात के घने अंधेरे में हुआ वह भीषण सड़क दुर्घटना इतना तीव्र था कि किसी को संभलने का मौका तक नहीं मिला। पुलिस अब इस बात की गहन जांच कर रही है कि आखिर एक्सप्रेसवे पर ऐसी बड़ी चूक कैसे हुई।
घटना की जानकारी मिलते ही नेशनल हाईवे अथॉरिटी की रेस्क्यू टीम, 108 एंबुलेंस सेवा और पुलिस का काफिला घटनास्थल पर पहुंच गया। बचाव कर्मियों ने गैस कटर और अन्य उपकरणों की मदद से कार के हिस्सों को काटकर शवों और घायलों को बाहर निकाला। घायलों को विभिन्न सिविल और निजी अस्पतालों में उपचार के लिए ले जाया गया है, जहां उनकी स्थिति अत्यंत चिंताजनक बताई जा रही है। भीषण सड़क दुर्घटना के बाद प्रशासन घायलों की निगरानी में पूरी तरह सतर्क है।
पुलिस ने बताया कि घायलों को हरसंभव चिकित्सकीय सहायता उपलब्ध कराई जा रही है। घटनास्थल पर यातायात नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने अतिरिक्त बल तैनात किया और क्षतिग्रस्त वाहनों को क्रेन की मदद से सड़क से हटाकर हाईवे को बहाल किया। इस दौरान एक और भीषण सड़क दुर्घटना टालने के लिए पुलिस ने पूरी तत्परता दिखाई और प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।
इस हादसे की खबर जैसे ही गांव में पहुंची, वहां शोक की लहर दौड़ गई। जो परिवार कल तक सामान्य था, आज वहां मातम पसरा हुआ है। गांव के लोग अस्पतालों और घटनास्थल पर एकत्रित हो रहे हैं। हादसे के शिकार लोगों के परिजन सदमे में हैं और वे इस दुखद सूचना को स्वीकार करने की स्थिति में नहीं हैं। स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने भी इस घटना पर गहरा शोक व्यक्त किया है।
पुलिस प्रशासन ने घटना को लेकर कानूनी कार्यवाही शुरू कर दी है। क्षतिग्रस्त वाहनों को जब्त कर लिया गया है और पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिए जाएंगे। प्रशासन ने जनता से अपील की है कि एक्सप्रेसवे जैसे हाई-स्पीड रास्तों पर ड्राइविंग करते समय ट्रैफिक नियमों और साइनेज का विशेष ध्यान रखें। आपकी एक छोटी सी लापरवाही न केवल आपकी बल्कि अन्य निर्दोष लोगों की जान भी ले सकती है, क्योंकि अक्सर लापरवाही के कारण ही भीषण सड़क दुर्घटना होती है।