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तप संपूर्ति अनुष्ठान में तपस्वी बहन का पारणा, मंगल भावना यंत्र भी मिला

तप संपूर्ति अनुष्ठान में वर्षा आशीष सोनी की 8 की तपस्या पूर्ण होने पर जैन संस्कार विधि से पारणा कराया। तेरापंथ युवक परिषद की टीम ने मंगल भावना यंत्र भेंट किया।

By अजय त्यागी 1 min read
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तप संपूर्ति अनुष्ठान

मुंबई, महाराष्ट्र। तप संपूर्ति अनुष्ठान के तहत चेंबूर की वर्षा आशीषजी सोनी की 8 की तपस्या पूर्ण होने पर रविवार को उनके निवास स्थान पर पारणा कराया गया। पूज्य प्रवर और युगप्रधान आचार्यश्री महाश्रमणजी की विदुषी सुशिष्या साध्वी श्री निर्वाणश्रीजी आदि ठाणा 6 की प्रेरणा से यह कार्यक्रम आयोजित हुआ। घाटकोपर के जैन संस्कारक एवं प्रवक्ता उपासक मालचन्दजी भंसाली ने विशेष मंत्रोच्चार के साथ जैन संस्कार विधि से पूरी प्रक्रिया संपन्न कराई।

नमस्कार महामंत्र से शुरुआत

तप संपूर्ति अनुष्ठान की शुरुआत नमस्कार महामंत्र के उच्चारण से हुई। संस्कारक ने तपस्वी की अनुमोदना करते हुए निर्धारित विधि विधान और मंगल मंत्रोच्चार के साथ कार्यक्रम आगे बढ़ाया। तपस्वी बहन ने संकल्प स्वीकार किए। कार्यक्रम में जैन संस्कार विधि की महत्ता और उपयोगिता पर भी जानकारी दी गई। संस्कारक ने मंगल भावना यंत्र के महत्व को समझाते हुए परिवार को पारणा के लिए जैन संस्कार विधि अपनाने पर बधाई दी।

परिवार के सदस्यों ने संस्कारक का आभार जताया। कार्यक्रम में मौजूद परिजनों ने पूरी विधि को ध्यान से देखा और सुना। परिवारजनों ने जैन संस्कार विधि में रुचि दिखाई और आयोजन के तरीके से प्रभावित नजर आए। आयोजकों के अनुसार जीवन के मांगलिक कार्यों को जैन संस्कार विधि के माध्यम से संपन्न कराने का उद्देश्य धार्मिक संस्कारों को सरल और व्यवस्थित तरीके से परिवारों तक पहुंचाना है।

मंगल भावना यंत्र भेंट

तप संपूर्ति अनुष्ठान के अवसर पर तेरापंथ युवक परिषद के अध्यक्ष हिमांशुजी गन्ना और उनकी टीम ने तपस्वी बहन को शुभकामनाएं दीं। टीम की ओर से मंगल भावना यंत्र भेंट किया गया और उसकी विधिवत स्थापना भी कराई गई। इस दौरान परिषद के मंत्री कपिलजी मेहता ने परिवार को जैन संस्कार विधि से जुड़ने पर बधाई दी। उन्होंने चेंबूर में इस विधि के बढ़ते चलन की जानकारी भी साझा की और कार्यक्रम में मौजूद सभी लोगों का स्वागत किया।

परिवार की ओर से स्वाथी अभिषेकजी सोनी ने सभी परिजनों, तेरापंथ युवक परिषद और जैन संस्कार विधि के संस्कारक का आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम में तेयुप अध्यक्ष हिमांशुजी गन्ना, मंत्री कपिलजी मेहता, तेयुप साथी निलेश राठौड़ और अणुव्रत से कंचनजी सोनी मौजूद रहे। सभी ने तपस्वी बहन की तपस्या की अनुमोदना की और उनके मंगल भविष्य की कामना की।

मंगल पाठ से हुआ समापन

तप संपूर्ति अनुष्ठान में परिवारजनों और उपस्थित सदस्यों ने धार्मिक वातावरण में पूरी प्रक्रिया में भागीदारी निभाई। कार्यक्रम के दौरान तपस्या की अनुमोदना के साथ जैन संस्कार विधि की उपयोगिता पर चर्चा हुई। आयोजन में मौजूद लोगों ने इसे पारिवारिक धार्मिक संस्कारों को सहज तरीके से आगे बढ़ाने वाली परंपरा के रूप में देखा। तपस्वी बहन के संकल्प और साधना के प्रति सभी ने सम्मान व्यक्त किया।

कार्यक्रम के अंत में मंगल पाठ का उच्चारण किया गया और इसी के साथ आयोजन संपन्न हुआ। परिवार की ओर से आए अतिथियों और परिषद के सदस्यों का आभार व्यक्त किया गया। तपस्वी वर्षा आशीषजी सोनी की तपस्या की अनुमोदना करते हुए सभी ने उनके लिए मंगलकामनाएं प्रेषित कीं। तप संपूर्ति अनुष्ठान ने धार्मिक साधना, पारिवारिक सहभागिता और जैन संस्कार विधि को एक साथ जोड़ने का संदेश दिया।

अस्वीकरण (Disclaimer):

यह रिपोर्ट विश्वस्त समाचार एजेंसियों और स्रोतों से प्राप्त तथ्यों पर आधारित है। इसका प्रकाशन केवल सूचना के उद्देश्य से किया गया है। तपस्या की अवधि, धार्मिक विधि और कार्यक्रम में उपस्थित व्यक्तियों से संबंधित विवरण आयोजकों द्वारा उपलब्ध कराई गई जानकारी पर आधारित हैं और सभी तथ्यों का स्वतंत्र सत्यापन नहीं किया गया है। इस रिपोर्ट के आधार पर लिए गए किसी भी निर्णय के लिए लेखक, प्रकाशक एवं संपादक किसी भी रूप में उत्तरदायी नहीं होंगे।

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