अणुव्रत प्रतियोगिता में 28 स्कूलों के 135 विद्यार्थियों ने 6 विधाओं में प्रतिभा दिखाई। जिला स्तर के आयोजन में विजेताओं और सहयोगियों का सम्मान हुआ।
अणुव्रत प्रतियोगिता
बीकानेर, राजस्थान। अणुव्रत प्रतियोगिता का जिला स्तरीय आयोजन 2 सितंबर 2026 को आशीर्वाद भवन, गंगाशहर में हुआ। सुबह 10:00 बजे शुरू हुए कार्यक्रम में बीकानेर जिले के 28 स्कूलों से लगभग 135 विद्यार्थियों ने हिस्सा लिया। जिला स्तर तक पहुंचे इन विद्यार्थियों ने एकल गायन, समूह गायन, चित्रकला, निबंध, भाषण और कविता की 6 प्रतियोगिताओं में अपनी प्रतिभा दिखाई। कार्यक्रम में मुख्य अतिथियों के रूप में नवल मीणा, रतन छलाणी और मनीष बाफना मौजूद रहे। अणुव्रत समिति गंगाशहर ने अतिथियों को अणुव्रत पताका और स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया।
जिला स्तरीय मुकाबले में वही विद्यार्थी पहुंचे जिन्होंने स्कूल स्तर की प्रतियोगिताओं में प्रथम स्थान हासिल किया था। इससे प्रतियोगिता में शामिल प्रतिभागियों के बीच मुकाबला खास रहा। कार्यक्रम की शुरुआत मनोज छाजेड़ ने मंगलाचरण गीतिका के साथ की। इसके बाद समिति अध्यक्ष करणीदान रांका ने स्वागत भाषण दिया। प्रतियोगिता के कोऑर्डिनेटर नवल मीणा ने स्कूल स्तर पर विजेता रहे विद्यार्थियों को जिला स्तर तक पहुंचने की बधाई दी। उन्होंने प्रतियोगिता के नियमों और उद्देश्य की भी जानकारी दी।
अणुव्रत प्रतियोगिता में अलग अलग विधाओं के प्रतिभागियों का मूल्यांकन अपने अपने क्षेत्र में अनुभव रखने वाले निर्णायकों ने किया। राज्य प्रभारी मनीष बाफना के अनुसार निर्णायक मंडल में धनपत रामपुरिया, प्रदीप लोढ़ा, दीपक आंचलिया, मोहन भंसाली, कृष्णा आचार्य और राजाराम स्वर्णकार सहित कई विशेषज्ञ शामिल रहे। इनके अलावा राम भादानी, अमिता सेठिया, दीपांशु शर्मा, पुखराज शर्मा, राजेंद्र बोथरा और मनोज छाजेड़ ने भी निर्णायक की भूमिका निभाई। समिति की ओर से निर्णायकों को अणुव्रत पताका और साहित्य भेंट कर सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम के दौरान विभिन्न प्रतियोगिताओं में प्रथम रहे विद्यार्थियों का सम्मान किया गया। कोषाध्यक्ष विजय बोथरा के अनुसार विजेताओं को नवल मीणा, रतन छलाणी, करणीदान रांका, मनीष बाफना और मनोज सेठिया ने सम्मानित किया। प्रतियोगिता में भाग लेने वाली स्कूलों के प्रतिनिधियों को भी स्मृति चिन्ह दिए गए। इसके साथ ही आचार्य तुलसी शांति प्रतिष्ठान और चंद्रकला सुराणा को विशेष सहयोग के लिए स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया। आयोजन में समिति के सदस्यों और महिला विंग की भी सक्रिय मौजूदगी रही।
कार्यक्रम में जैन श्वेतांबर तेरापंथी सभा, आचार्य तुलसी शांति प्रतिष्ठान और तेरापंथ युवक परिषद के पदाधिकारी भी मौजूद रहे। आयोजन का संचालन समिति के उपाध्यक्ष मनोज सेठिया ने किया। अणुव्रत प्रतियोगिता के जरिए स्कूल स्तर पर चयनित विद्यार्थियों को जिला स्तर पर अपनी रचनात्मक क्षमता दिखाने का अवसर मिला। गायन, चित्रकला, लेखन और भाषण जैसी विधाओं को एक मंच पर लाने से विद्यार्थियों के बीच रचनात्मकता और आत्मविश्वास को सामने आने का मौका मिला। आयोजन में विजेताओं के सम्मान के साथ स्कूल प्रतिनिधियों और सहयोगियों का भी अभिनंदन किया गया।
अस्वीकरण (Disclaimer):
यह रिपोर्ट विश्वस्त समाचार एजेंसियों और स्रोतों से प्राप्त तथ्यों पर आधारित है। इसका प्रकाशन केवल सूचना के उद्देश्य से किया गया है। प्रतियोगिता में विद्यार्थियों की उपलब्धियों और आयोजन से संबंधित जानकारी आयोजकों द्वारा उपलब्ध कराए गए विवरण पर आधारित है। प्रतिभागियों की रैंकिंग और अन्य परिणामों के संबंध में अंतिम आधिकारिक जानकारी संबंधित आयोजक संस्था के अभिलेखों पर निर्भर करेगी। इस रिपोर्ट के आधार पर लिए गए किसी भी निर्णय के लिए लेखक, प्रकाशक एवं संपादक किसी भी रूप में उत्तरदायी नहीं होंगे।