अखिल भारतीय बैठक पहली बार भीलवाड़ा में होगी, 6 दिन तक भारत और नेपाल के पदाधिकारी जुटेंगे, जनजाति समाज से जुड़े मुद्दों और भविष्य की योजनाओं पर मंथन होगा।
अखिल भारतीय बैठक की तैयारी
भीलवाड़ा, राजस्थान (पंकज पोरवाल)। अखिल भारतीय बैठक के बड़े समागम की तैयारी भीलवाड़ा में तेज हो गई है। वनवासी कल्याण आश्रम की 6 दिवसीय महत्वपूर्ण बैठकें 30 सितंबर से 5 अक्टूबर तक प्रस्तावित हैं। आयोजन की व्यवस्थाओं का जायजा लेने राष्ट्रीय महामंत्री योगेश बापट भीलवाड़ा पहुंचे और रामेश्वरम भवन में तैयारियों का निरीक्षण किया। उन्होंने कार्यकर्ताओं की बैठक लेकर जरूरी दिशा निर्देश दिए। संगठन की आधिकारिक वेबसाइट पर भी योगेश बापट को अखिल भारतीय स्तर की जिम्मेदारी से जुड़ा पदाधिकारी बताया गया है।
आयोजकों के अनुसार भीलवाड़ा में पहली बार होने वाली इस अखिल भारतीय बैठक में नेपाल सहित भारत के 40 से अधिक प्रांतों के 350 से ज्यादा प्रांत और केंद्रीय स्तर के अधिकारी तथा दायित्वधारी शामिल होंगे। छह दिनों तक चलने वाली बैठकों में जनजाति समाज से जुड़े विषयों पर व्यापक चर्चा की जाएगी। साथ ही भविष्य की योजनाओं और कार्ययोजनाओं को लेकर भी विचार मंथन होगा। इस आयोजन के जरिए अलग अलग क्षेत्रों से जुड़े पदाधिकारियों के बीच अनुभव और कार्ययोजनाओं को साझा करने का अवसर मिलेगा।
तैयारियों की समीक्षा के दौरान आवास, भोजन, स्वागत और परिवहन सहित कई व्यवस्थाओं पर विस्तार से चर्चा हुई। कार्यकर्ताओं को अलग अलग जिम्मेदारियां सौंपने और आयोजन को व्यवस्थित ढंग से पूरा करने की योजना पर भी विचार किया गया। नगर सचिव रूपलाल अजमेरा के अनुसार बैठक में राष्ट्रीय महामंत्री योगेश बापट के साथ क्षेत्रीय संगठन मंत्री विपुल भाई, अखिल भारतीय हित रक्षा प्रमुख कुलकर्णी, राजस्थान के संगठन मंत्री जगदीश कुलमी और नगरीय प्रमुख रामप्रकाश अग्रवाल भी मौजूद रहे।
वनवासी कल्याण परिषद के जिलाध्यक्ष दिवाकर जावा के अनुसार तैयारियों की बैठक में कैलाश नंदावत, रामप्रकाश अग्रवाल, गणेश काबरा, यश श्रीवास्तव, कमल गोखरू, दीपक पुरोहित, तरुणा शर्मा, ओम गंडोदिया, कन्हैया लाल मूंदड़ा और सत्यनारायण सोमानी सहित अनेक कार्यकर्ता मौजूद रहे। विभिन्न समितियों के माध्यम से आवास, भोजन, बैठक व्यवस्था और अन्य जरूरी कामों को अंतिम रूप देने की प्रक्रिया जारी है। आयोजकों का कहना है कि इतने बड़े आयोजन के लिए व्यवस्थाओं को समय रहते पूरा करने पर जोर दिया जा रहा है।
अखिल भारतीय बैठक के दौरान जनजाति समाज से जुड़े विषयों पर चिंतन और चर्चा के साथ आगे की कार्ययोजनाओं को लेकर भी महत्वपूर्ण विचार विमर्श होना है। भीलवाड़ा में पहली बार इतने बड़े स्तर की बैठक होने से स्थानीय कार्यकर्ताओं में भी उत्साह है। आयोजन को सफल बनाने के लिए विभिन्न स्तरों पर जिम्मेदारियां तय की जा रही हैं और व्यवस्थाओं की लगातार समीक्षा की जा रही है। छह दिनों तक चलने वाले इस समागम में देश के अलग अलग हिस्सों से आने वाले पदाधिकारी भाग लेंगे और अखिल भारतीय बैठक के जरिए आगामी योजनाओं को दिशा देने पर चर्चा होगी।
अस्वीकरण (Disclaimer):
यह रिपोर्ट विश्वस्त समाचार एजेंसियों और स्रोतों से प्राप्त तथ्यों पर आधारित है। इसका प्रकाशन केवल सूचना के उद्देश्य से किया गया है। आयोजन की तिथियों, प्रतिभागियों की संख्या और बैठक की प्रस्तावित गतिविधियों संबंधी जानकारी उपलब्ध कराए गए विवरण पर आधारित है तथा आयोजन से संबंधित अंतिम कार्यक्रम में परिवर्तन संभव है। इस रिपोर्ट के आधार पर लिए गए किसी भी निर्णय के लिए लेखक, प्रकाशक एवं संपादक किसी भी रूप में उत्तरदायी नहीं होंगे।