स्वास्थ्य

अमेजन पर स्टॉक की जांच, बिना लाइसेंस दवा की बड़ी खेप पकड़ी, मचा हड़कंप

बिना लाइसेंस दवा रखने के आरोप में अमेजन से जुड़े 2 गोदामों पर छापे पड़े और 4,02,352 रुपये की दवाएं जब्त हुईं, अब आगे की कार्रवाई होगी। 

By अजय त्यागी 1 min read
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प्रतीकात्मक फोटो

बेंगलुरु, कर्नाटक। कर्नाटक में ऑनलाइन दवाओं की सप्लाई से जुड़ी व्यवस्था पर बड़ा सवाल खड़ा हुआ है। खाद्य सुरक्षा एवं औषध प्रशासन की ड्रग्स एनफोर्समेंट विंग ने अमेजन से जुड़े 2 ठिकानों पर छापेमारी कर कुल 4,02,352 रुपये की दवाएं जब्त की हैं। विभाग के मुताबिक इन जगहों पर बिना लाइसेंस दवाओं का भंडारण किया जा रहा था। कार्रवाई बेंगलुरु ग्रामीण इलाके में हुई और अधिकारियों ने इसे दवाओं के अनधिकृत भंडारण तथा वितरण पर शिकंजा कसने की कार्रवाई बताया है।   [1]

गोदामों पर छापा

पहली कार्रवाई आनोकेल तालुक के तट्टनहल्ली इलाके में अमेजन सेलर सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड के परिसर में हुई। राज्य खुफिया शाखा के सहायक औषध नियंत्रक मनोहर के नेतृत्व वाली टीम ने यहां जांच की। अधिकारियों के अनुसार परिसर में वैध ड्रग लाइसेंस के बिना रखी गई 2,45,352 रुपये की दवाएं मिलीं। इसके बाद बिना लाइसेंस दवाओं को जब्त कर लिया गया। विभाग ने बताया कि कार्रवाई खुफिया जानकारी के आधार पर की गई थी। यानी मामला केवल सामान्य निरीक्षण तक सीमित नहीं था बल्कि संभावित नियम उल्लंघन की जानकारी मिलने के बाद टीम मौके पर पहुंची थी। 

दूसरी कार्रवाई देवहन्नहल्ली के एयरोस्पेस इलाके में अमेजन से जुड़े दूसरे परिसर में हुई। यहां ड्रग इंस्पेक्टर विभा के नेतृत्व में अधिकारियों की टीम पहुंची और 1,57,000 रुपये मूल्य की दवाएं जब्त कीं। विभाग के मुताबिक इस परिसर में भी जरूरी लाइसेंस के बिना दवाओं का भंडारण किया जा रहा था। दोनों जगहों से जब्त स्टॉक को जोड़ने पर रकम 4,02,352 रुपये पहुंचती है। अधिकारियों का कहना है कि दवाओं के भंडारण और वितरण के लिए तय नियमों का पालन जरूरी है और ऐसे मामलों में आगे नियामकीय कार्रवाई की प्रक्रिया चल सकती है। 

लाइसेंस की जांच

इस कार्रवाई का अहम पहलू यह है कि मामला सिर्फ दवा बेचने का नहीं बल्कि उन्हें रखने और सप्लाई करने के लिए जरूरी अनुमति का भी है। ऑनलाइन कारोबार में दवाएं कई चरणों से होकर ग्राहक तक पहुंचती हैं और हर चरण में नियामकीय नियमों का पालन जरूरी होता है। कर्नाटक विभाग ने इसी व्यवस्था में लाइसेंस और भंडारण से जुड़े अनुपालन पर जोर दिया है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार कार्रवाई के बाद जब्त दवाओं और संबंधित परिसरों को लेकर आगे की कानूनी प्रक्रिया की जा सकती है। 

फिलहाल सामने आए तथ्यों में यह साफ है कि बिना लाइसेंस दवा के भंडारण के आरोप में 2 अलग ठिकानों से बड़ी रकम का स्टॉक जब्त हुआ है। अमेजन की ओर से तत्काल कोई प्रतिक्रिया उपलब्ध नहीं थी। ऐसे में अंतिम कानूनी निष्कर्ष संबंधित जांच और विभागीय कार्रवाई पूरी होने के बाद ही सामने आएगा। यह मामला ऑनलाइन दवा कारोबार में लाइसेंस, स्टोरेज और सप्लाई चेन की निगरानी को लेकर भी अहम सवाल खड़े करता है और आने वाले समय में ऐसी जांच और तेज होने की संभावना है। 

अस्वीकरण (Disclaimer):

यह रिपोर्ट विश्वस्त समाचार एजेंसियों और स्रोतों से प्राप्त तथ्यों पर आधारित है। इसका प्रकाशन केवल सूचना के उद्देश्य से किया गया है। दवाओं के लाइसेंस और भंडारण से जुड़े आरोपों पर अंतिम कानूनी निष्कर्ष संबंधित जांच और सक्षम प्राधिकरण की कार्रवाई के बाद ही माना जाएगा। इस रिपोर्ट के आधार पर लिए गए किसी भी निर्णय के लिए लेखक, प्रकाशक एवं संपादक किसी भी रूप में उत्तरदायी नहीं होंगे।

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