लूणकरणसर के राजकीय भीमसेन चौधरी महाविद्यालय में बीकॉम पाठ्यक्रम प्रारंभ करने की मांग को लेकर उच्चाधिकारियों को पत्र भेजा गया है।
प्रतीकात्मक फोटो
लूणकरणसर, राजस्थान। राजकीय भीमसेन चौधरी महाविद्यालय, लूणकरणसर में बीकॉम पाठ्यक्रम प्रारंभ करने की मांग को लेकर जिला देहात भाजपा बीकानेर के सदस्य श्रेयांस बैद ने उप मुख्यमंत्री एवं उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. प्रेम चन्द बैरवा तथा आयुक्त, कॉलेज शिक्षा एवं उच्च शिक्षा विभाग, राजस्थान सरकार को एक औपचारिक पत्र भेजा है। बैद ने अपने पत्र में विस्तार से बताया कि महाविद्यालय में वाणिज्य संकाय लंबे समय से उपलब्ध नहीं है, जिसके कारण इस क्षेत्र के विद्यार्थियों को बीकॉम की उच्च शिक्षा प्राप्त करने के लिए अन्य बड़े शहरों या फिर महंगे निजी महाविद्यालयों पर पूरी तरह निर्भर रहना पड़ता है। इस मजबूरी के चलते ग्रामीण और आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के विद्यार्थियों को भारी आर्थिक बोझ के साथ-साथ आवागमन की गंभीर परेशानी भी उठानी पड़ती है।
उन्होंने अपनी बात को आगे बढ़ाते हुए कहा कि लूणकरणसर क्षेत्र में पिछले कुछ वर्षों के दौरान व्यापार, कृषि आधारित व्यवसाय, विभिन्न सहकारी संस्थाओं, बैंकिंग एवं वित्तीय सेवाओं तथा स्वरोजगार के अवसर लगातार तेजी से बढ़ रहे हैं। ऐसे में स्थानीय राजकीय महाविद्यालय में वाणिज्य शिक्षा उपलब्ध कराना आज के समय की सबसे बड़ी आवश्यकता बन गया है। महाविद्यालय में बीकॉम पाठ्यक्रम शुरू होने से इस क्षेत्र के दूर-दराज के विद्यार्थियों को अपने ही स्थानीय स्तर पर उच्च एवं पूरी तरह रोजगारोन्मुख शिक्षा प्राप्त करने का सुनहरा अवसर मिल सकेगा, जिससे उनका भविष्य उज्जवल होगा।
श्रेयांस बैद ने राज्य सरकार से पुरजोर मांग की है कि आगामी शैक्षणिक सत्र से ही महाविद्यालय में बीकॉम पाठ्यक्रम प्रारंभ करने के लिए तत्काल प्रशासनिक एवं शैक्षणिक स्वीकृति प्रदान की जाए। इसके साथ ही उन्होंने आवश्यक पदों के सृजन, विषयवार संकाय सदस्यों की नियुक्ति तथा अन्य सभी आवश्यक आधारभूत सुविधाओं का परीक्षण कर इस पर शीघ्र कार्रवाई करने का आग्रह किया है। उन्होंने विश्वास जताया कि सरकार का यह दूरदर्शी कदम लूणकरणसर सहित इसके आसपास के तमाम ग्रामीण क्षेत्रों के विद्यार्थियों के लिए उच्च शिक्षा के नए अवसरों के विस्तार में एक बेहद मील का पत्थर साबित होगा।
इस मांग के सामने आने के बाद से ही क्षेत्र के विद्यार्थियों और अभिभावकों में एक नई उम्मीद जागी है। स्थानीय नागरिकों का मानना है कि यदि सरकार जल्द ही इस दिशा में सकारात्मक कदम उठाती है, तो ग्रामीण प्रतिभाओं को आगे बढ़ने के लिए बेहतरीन मंच मिलेगा।
अस्वीकरण (Disclaimer):
यह रिपोर्ट विश्वस्त समाचार एजेंसियों और स्रोतों से प्राप्त तथ्यों पर आधारित है। इसका प्रकाशन केवल सूचना के उद्देश्य से किया गया है। महाविद्यालय में बीकॉम पाठ्यक्रम शुरू करने की मांग से जुड़ी यह जानकारी सामान्य जनहित और अपडेट के लिए है। इस रिपोर्ट के आधार पर लिए गए किसी भी निर्णय के लिए लेखक, प्रकाशक एवं संपादक किसी भी रूप में उत्तरदायी नहीं होंगे।