राजस्थान

सहकारी सभा की वित्तीय प्रगति, वसूली और नई योजनाओं पर भी रहेगी नजर

सहकारी सभा के वार्षिक अधिवेशन में लाभांश, ऋण सीमा और सदस्यों की सुविधाओं से जुड़े प्रस्ताव रखे जाएंगे, साथ ही वित्तीय प्रगति की जानकारी दी गई।

By अजय त्यागी 1 min read
Twitter Facebook WhatsApp

प्रेस वार्ता में जानकारी देते वक्ता

बारां, राजस्थान (राहुल पारीक)। शिक्षा विभाग कर्मचारीगण सहकारी सभा लि. 696 आर, कोटा बारां की ओर से शुक्रवार को प्रेस वार्ता आयोजित की गई। इसमें संस्था के आगामी वार्षिक अधिवेशन की रूपरेखा, ऐतिहासिक उपलब्धियों, वित्तीय प्रगति और भावी योजनाओं की जानकारी साझा की गई। अध्यक्ष प्रकाश जायसवाल ने बताया कि वार्षिक अधिवेशन रविवार को होटल द्वारिका, नेशनल हाईवे कोटा रोड, बारां में होगा। शिक्षा एवं पंचायती राज मंत्री मदन दिलावर मुख्य अतिथि होंगे। संस्था ने वित्तीय वर्ष 2025 26 में 4,34,04,609 का शुद्ध लाभ अर्जित किया है। सहकारी सभा ने आवश्यक प्रावधानों के बाद 2,56,08,719 के लाभ में से 4 प्रतिशत लाभांश वितरण प्रस्तावित किया है।

वार्षिक अधिवेशन

अध्यक्ष प्रकाश जायसवाल के अनुसार अधिवेशन में पूर्व मंत्री प्रमोद जैन भाया, किशनगंज विधायक ललित मीणा, बारां विधायक राधेश्याम बैरवा, शिक्षा मंत्री के विशेषाधिकारी सतीश कुमार गुप्ता और राधाकृष्ण शिक्षा सहकारी बारां के अध्यक्ष बृजगोविन्द टेलर विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल होंगे। संस्था के अनुसार लगातार 3 वर्षों का अंकेक्षण करवाकर 4 प्रतिशत की दर से लाभांश वितरित किया जा रहा है। सहकारी सभा ने व्यावसायिक प्रगति के साथ सामाजिक सरोकारों में भी काम किया है। इनमें वन्य एवं वन्यजीव संरक्षण, पर्यावरण और जल संरक्षण, रक्तदान महादान, सड़क सुरक्षा, बाल विवाह उन्मूलन, स्वच्छ भारत स्वस्थ भारत, बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ और विद्यालय प्रवेशोत्सव सहयोग अभियान प्रमुख हैं।

उपाध्यक्ष महेंद्र नागर ने बताया कि 23 फरवरी 2023 को नवनिर्वाचित कार्यकारिणी ने कार्यभार संभालते ही नए सदस्यों को सदस्यता देने का काम शुरू किया। उनके अनुसार कार्यभार ग्रहण के समय संस्था को 1374 सदस्य और 21 करोड़ की डिफॉल्ट राशि विरासत में मिली थी। कार्यकारिणी के प्रयासों से वसूली कार्रवाई की गई। इसके परिणामस्वरूप अब लगभग 97 डिफॉल्टर सदस्य शेष बताए गए हैं। इनसे वसूली सुनिश्चित करने के लिए संस्था स्तर, उपरजिस्ट्रार सहकारी समितियां कोटा और न्यायालय के माध्यम से सख्त कानूनी कार्रवाई जारी है। सहकारी सभा ने वित्तीय अनियमितताओं से जुड़े मामलों में भी कार्रवाई की जानकारी प्रेस वार्ता में दी।

वसूली पर सख्ती

मंत्री जमना लाल गुर्जर के अनुसार पूर्व अध्यक्ष और उनके सहयोगियों द्वारा किए गए 4,56,646 तथा निजी हितों के लिए किए गए 2,70,000 के वित्तीय घोटाले की प्राथमिकी दर्ज करवाई जा चुकी है। इसके अलावा 3 संतान होने के तथ्यों को छिपाकर संचालक मंडल में बने रहने वाले सदस्य को बर्खास्त कराया गया है। संस्था के अनुसार उच्च न्यायालय से प्राप्त स्थगन आदेश के निष्प्रभावी होते ही अग्रिम त्वरित कार्रवाई की जाएगी। सहकारी सभा के पदाधिकारियों ने बताया कि संस्था के कोष के अनुचित दोहन के मामलों में भी कड़ा रुख अपनाया गया है। ये विवरण संस्था की ओर से प्रेस वार्ता में साझा किए गए हैं।

प्रकाश जायसवाल ने बताया कि वर्तमान कार्यकाल में 5 करोड़ की अतिरिक्त सावधि जमा करवाकर सावधि जमा फंड में उल्लेखनीय वृद्धि की गई है। सहकारी सभा में सदस्यों के लिए सामान्य ऋण 2 लाख से बढ़ाकर 3 लाख रुपए, इमरजेंसी ऋण 1.50 लाख से बढ़ाकर 3 लाख रुपए और वाहन ऋण 1 लाख से बढ़ाकर 1.50 लाख रुपए किया गया है। आगामी समय में सामान्य और इमरजेंसी ऋण की सीमा 4 4 लाख करने की योजना है। आमसभा में आने वाले सदस्यों को फिलहाल 300 रुपए टीए मिलता है। संचालक मंडल इसे 500 रुपए करने का प्रस्ताव रखेगा। स्वीकृति मिलने पर अगली आमसभा में बढ़ी दर देय होगी।

वित्तीय विस्तार

सदस्यों की सुविधा के लिए गुरुवार का साप्ताहिक अवकाश समाप्त कर रविवार का अवकाश लागू किया गया है। रविवार को कार्यालय 11 से 4 बजे तक राशि जमा कराने की सुविधा दी जा रही है। ऑनलाइन लिंक और क्यूआर कोड से राशि जमा कराने की सुविधा शुरू की गई है। शिक्षा विभाग कर्मचारीगण सहकारी सभा 696 आर कोटा बारां की स्थापना 1943 में स्वर्गीय घांसीलाल द्वारा की गई थी। संस्था के अनुसार सदस्य संख्या 6500 है और राजस्थान में यह एकमात्र ऐसी सहकारी संस्था है जो सदस्यों को 50 पैसे मासिक ब्याज दर पर ऋण उपलब्ध कराती है। सहकारी सभा के अधिवेशन में ऋण और लाभांश पर निर्णय होगा।

अस्वीकरण:

यह रिपोर्ट विश्वस्त समाचार स्रोतों और उपलब्ध तथ्यों पर आधारित है। इसका प्रकाशन केवल सूचना के उद्देश्य से किया गया है। वित्तीय अनियमितताओं और कानूनी कार्रवाई से जुड़े विवरण संबंधित संस्था पदाधिकारियों द्वारा बताए गए दावों और जानकारी के रूप में प्रस्तुत किए गए हैं, इन्हें न्यायिक निष्कर्ष नहीं माना जाना चाहिए। इस रिपोर्ट के आधार पर लिए गए किसी भी निर्णय के लिए लेखक, प्रकाशक एवं संपादक किसी भी रूप में उत्तरदायी नहीं होंगे।

#BaranNews #RajasthanNews #CooperativeSociety #EducationDepartment #KotaBaran #CooperativeNews #RajasthanEducation
Read Full Article on RexTV India