Fri, 04 April 2025 09:52:01pm
उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद जिले के मुरादनगर स्थित उखलारसी कॉलोनी में रविवार सुबह एक गंभीर हादसा हुआ। श्मशान घाट परिसर में निर्माणाधीन ओवरहेड पानी की टंकी की शटरिंग अचानक गिर गई, जिससे आठ मजदूर मलबे में दबकर घायल हो गए। घायलों को तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां कई की हालत गंभीर बताई जा रही है।
घटना का विस्तृत विवरण
रविवार सुबह करीब 9:30 बजे, मुरादनगर के उखलारसी कॉलोनी स्थित श्मशान घाट परिसर में जल निगम द्वारा ओवरहेड पानी की टंकी का निर्माण कार्य चल रहा था। इस दौरान, 11 मजदूर शटरिंग पर काम कर रहे थे। अचानक शटरिंग भरभराकर गिर गई, जिससे आठ मजदूर मलबे में दब गए। शटरिंग गिरने की आवाज सुनकर आसपास के लोग तुरंत मौके पर पहुंचे और राहत कार्य शुरू किया। स्थानीय लोगों और पुलिस की मदद से मलबे में दबे मजदूरों को बाहर निकाला गया और अस्पताल भेजा गया।
घायलों की पहचान
घायलों में शामिल मजदूरों के नाम और पते इस प्रकार हैं:
सभी घायलों को स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका उपचार जारी है। कई मजदूरों की हालत गंभीर बताई जा रही है।
प्रशासन की प्रतिक्रिया
हादसे की सूचना मिलते ही, स्थानीय प्रशासन और पुलिस मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और राहत कार्यों में सहयोग किया। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि मजदूर शटरिंग पर रिपेयरिंग का काम कर रहे थे, तभी यह हादसा हुआ। पुलिस ने बताया कि घटना के संबंध में विधिक कार्रवाई की जा रही है और घायलों का इलाज जारी है।
पूर्व की घटनाएँ
यह पहली बार नहीं है जब मुरादनगर श्मशान घाट में इस तरह का हादसा हुआ हो। इससे पहले भी, जनवरी 2021 में, श्मशान घाट की छत गिरने से कई लोगों की मौत हो गई थी। इस घटना ने प्रशासन और निर्माण एजेंसियों की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े किए थे। ताज़ा हादसे ने फिर से निर्माण कार्यों में सुरक्षा मानकों की अनदेखी को उजागर किया है।
विशेषज्ञों की राय
निर्माण क्षेत्र के विशेषज्ञों का कहना है कि इस तरह के हादसे अक्सर सुरक्षा मानकों की अनदेखी और गुणवत्ता में कमी के कारण होते हैं। शटरिंग का सही ढंग से न लगना, सामग्री की गुणवत्ता में कमी, और मजदूरों को उचित प्रशिक्षण न देना ऐसे हादसों के प्रमुख कारण हैं। विशेषज्ञों ने सुझाव दिया है कि निर्माण कार्यों में उच्च गुणवत्ता वाली सामग्री का उपयोग, नियमित निरीक्षण, और मजदूरों को सुरक्षा उपकरण प्रदान करना अनिवार्य होना चाहिए।
मुरादनगर श्मशान घाट में हुए इस हादसे ने एक बार फिर से निर्माण कार्यों में सुरक्षा और गुणवत्ता की अनदेखी को उजागर किया है। प्रशासन को चाहिए कि वे इस घटना की गहन जांच करें और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करें, ताकि भविष्य में ऐसे हादसों से बचा जा सके। साथ ही, निर्माण एजेंसियों को सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन करना चाहिए, ताकि मजदूरों की जान की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।
#गाजियाबाद -निर्माणाधीन पानी की टंकी पर लगीं सेटरिंग गिरी, 07 मजदूर हुए घायल पास के अस्पताल में कराया भर्ती किसी भी तरह की कोई जनहानि नहीं है थाना मुरादनगर क्षेत्र की घटना @Uppolice pic.twitter.com/YSvDFRvxuG
— DINESH SHARMA (@medineshsharma) February 16, 2025