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प्रादेशिक

पंजाबी गायिका इंदर कौर की हत्या मामले में दो आरोपी गिरफ्तार

पंजाबी गायिका इंदर कौर की हत्या कर उनका शव नहर में फेंकने की इस दिल दहला देने वाली वारदात से पूरे पंजाब के संगीत जगत में शोक की लहर है।

By अजय त्यागी
1 min read
पंजाबी गायिका इंदर कौर

पंजाबी गायिका इंदर कौर

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पंजाबी गायिका इंदर कौर की हत्या करने और उनके शव को लुधियाना के पास नीलों नहर में ठिकाने लगाने का एक बेहद ही सनसनीखेज मामला सामने आया है। स्थानीय गोताखोरों की मदद से सोमवार सुबह पुलिस ने नहर से गायिका का शव बरामद कर लिया है। यश इंदर कौर के नाम से मशहूर इस युवा कलाकार के लापता होने के बाद से ही पुलिस उनकी तलाश में जुटी हुई थी, लेकिन अब इस खौफनाक अंत से पूरी इंडस्ट्री स्तब्ध है।

अपहरण के बाद वारदात

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, गायिका पिछले कुछ दिनों से लुधियाना के जमालपुर थाना क्षेत्र से संदिग्ध परिस्थितियों में लापता चल रही थीं।

परिजनों द्वारा दर्ज करवाई गई गुमशुदगी की शिकायत के बाद से ही पुलिस की टीमें संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही थीं। सोमवार सुबह करीब 11 बजे समराला के पास बहने वाली नीलों नहर में एक शव तैरता हुआ मिला, जिसकी शिनाख्त बाद में मृतका के आभूषणों और कपड़ों से परिजनों ने इंदर कौर के रूप में की।[1]

पोस्टमार्टम के लिए भेजा

लुधियाना पुलिस ने शव को तुरंत अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम की कानूनी प्रक्रिया के लिए समराला के सिविल अस्पताल में भिजवा दिया है।

इस बीच पंजाबी गायिका इंदर कौर की हत्या की खबर आग की तरह फैलते ही अस्पताल परिसर के बाहर भारी संख्या में उनके प्रशंसकों और स्थानीय लोगों की भीड़ जमा हो गई। मृतका के भाई और अन्य परिजनों ने अस्पताल पहुंचकर रोते-बिलखते हुए पुलिस के आला अधिकारियों से आरोपियों को सख्त सजा देने की मांग की है।

कनाडा से आया मुख्य आरोपी

परिजनों ने पुलिस को दिए अपने आधिकारिक बयानों में मृतका के एक पुराने दोस्त सुखविंदर सिंह उर्फ सुखा पर इस जघन्य वारदात को अंजाम देने का सीधा आरोप लगाया है।

सुखविंदर मूल रूप से पंजाब के मोगा का रहने वाला है और पिछले कई वर्षों से अपने परिवार के साथ कनाडा में रह रहा है। परिजनों के अनुसार, सुखविंदर सिंह पिछले काफी समय से इंदर कौर पर शादी करने का अनुचित दबाव बना रहा था, लेकिन गायिका ने उसके इस प्रस्ताव को साफ ठुकरा दिया था।

नेपाल के रास्ते भारत प्रवेश

शादी से इनकार करने पर सुखविंदर सिंह ने अपनी खुन्नस निकालने के लिए इंदर कौर को रास्ते से हटाने की एक बेहद शातिराना और खौफनाक साजिश रची।

वह कुछ दिनों पहले हवाई मार्ग के बजाय नेपाल के रास्ते अवैध रूप से भारत में दाखिल हुआ। उसने यहां आकर अपने दो स्थानीय सहयोगियों, जिनमें करमजीत सिंह शामिल है, के साथ मिलकर जमालपुर इलाके से गायिका का अपहरण किया और गला घोंटकर उनकी जान ले ली।

कनाडा फरार हुआ मुख्य आरोपी

लुधियाना के साहनेवाल क्षेत्र में स्थित मुंडियां कलां पुलिस चौकी के प्रभारी परमवीर सिंह ने इस जांच से जुड़े कई महत्वपूर्ण पहलुओं को साझा किया है।

चौकी प्रभारी ने बताया कि जांच टीम ने सबसे पहले गायिका की लावारिस हालत में खड़ी कार को बरामद किया था। कार में मिले सुरागों के आधार पर ही नहर में खोजी गोताखोरों को उतारा गया, जिसके बाद शव मिला। शुरुआती जांच में पंजाबी गायिका इंदर कौर की हत्या का मुख्य सूत्रधार सुखविंदर सिंह ही सामने आया है, जो वारदात के बाद वापस कनाडा भाग चुका है।

दो सह-आरोपी गिरफ्तार

पुलिस चौकी प्रभारी ने बताया कि, “शव को सिविल अस्पताल समराला में रखवा दिया गया है और पोस्टमार्टम की विस्तृत रिपोर्ट आने के बाद मौत के सही कारणों और समय का पूरी तरह खुलासा हो सकेगा।”

पुलिस ने इस मामले में तत्परता दिखाते हुए साजिश में शामिल दो अन्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इनसे पूछताछ के आधार पर पुलिस अब मुख्य आरोपी सुखविंदर को अंतरराष्ट्रीय प्रत्यर्पण नियमों के तहत भारत वापस लाने के लिए कानूनी औपचारिकताएं पूरी कर रही है।

संगीत जगत में गहरा शोक

मृतका इंदर कौर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर अत्यधिक सक्रिय रहती थीं और अपनी सुरीली आवाज के दम पर उन्होंने बहुत कम समय में एक बड़ा फैन बेस तैयार कर लिया था।

वे अक्सर अपने गायन के वीडियो साझा करती थीं और कई अंतरराष्ट्रीय म्यूजिक शो में भी अपनी प्रस्तुति दे चुकी थीं। इस तरह एक उभरती हुई पंजाबी गायिका इंदर कौर की हत्या की इस दर्दनाक घटना ने प्रवासियों की सुरक्षा और साइबर प्रताड़ना के गंभीर मुद्दों को एक बार फिर गरमा दिया है।

डिस्क्लेमर (Disclaimer)

यह अपहरण, मर्डर मिस्ट्री और आपराधिक जांच से जुड़ी समाचार रिपोर्ट लुधियाना पुलिस के मुंडियां कलां चौकी प्रभारी द्वारा जारी आधिकारिक बयानों, पीड़ित परिवार की प्राथमिकी (FIR) और समराला सिविल अस्पताल के प्राथमिक विवरणों पर आधारित है। मुख्य आरोपी की संलिप्तता और हत्या के पीछे के वास्तविक कारणों का अंतिम प्रशासनिक फैसला पूरी तरह से पुलिस की सप्लीमेंट्री चार्जशीट और माननीय अदालत की न्यायिक कार्यवाही के नियमों के अधीन है। लेखक और प्रकाशक/संपादक इस जानकारी के आधार पर पाठकों द्वारा बनाए जाने वाले किसी भी दृष्टिकोण के परिणामों के लिए कानूनी रूप से उत्तरदायी नहीं हैं।

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Ajay Tyagi - Editor In Chief

Ajay Tyagi

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