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बाज़ार और निवेश

गौरमेट इन्वेस्टमेंट्स ने की बड़े शहरों में पैर पसारने की तैयारी

गौरमेट इन्वेस्टमेंट्स द्वारा भारत में अमेरिकी इटालियन चेन ऑलिव गार्डन को लॉन्च करने और अगले तीन वर्षों में रेस्टोरेंट संख्या दोगुनी करने की घोषणा की गई है।

By अजय त्यागी
1 min read
प्रतीकात्मक फोटो - Rex TV India

प्रतीकात्मक फोटो - Rex TV India

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भारत के प्रीमियम फूड सर्विस और हॉस्पिटैलिटी सेक्टर में वैश्विक ब्रांड्स की दिलचस्पी लगातार बढ़ती जा रही है, जो भारतीय उपभोक्ताओं की बढ़ती क्रय शक्ति को दर्शाता है। देश में पिज्जाएक्सप्रेस और चिलीज जैसे नामचीन अंतरराष्ट्रीय रेस्टोरेंट ब्रांड्स का सफल संचालन करने वाली दिग्गज कंपनी गौरमेट इन्वेस्टमेंट्स द्वारा सोमवार को भारतीय बाजार के लिए एक बहुत बड़ी और महत्वाकांक्षी व्यापारिक घोषणा की गई है। कंपनी ने वैश्विक स्तर पर प्रसिद्ध अमेरिकी इटालियन रेस्टोरेंट चेन "ऑलिव गार्डन" को भारतीय बाजार में आधिकारिक तौर पर उतारने की तैयारी पूरी कर ली है। इसके साथ ही कंपनी ने अगले तीन वर्षों के भीतर देश भर में अपने कुल रेस्टोरेंट पोर्टफोलियो की संख्या को दोगुना करने का एक बड़ा लक्ष्य निर्धारित किया है।

वैश्विक ब्रांड्स का भरोसा

इस समय दुनिया भर में बढ़ती महंगाई के बावजूद भारत के संपन्न और उच्च मध्यमवर्गीय उपभोक्ताओं की क्रय शक्ति में लगातार सुधार देखा जा रहा है।

यही मुख्य वजह है कि एस्टी लॉडर से लेकर हयात होटल्स जैसे बड़े वैश्विक कॉर्पोरेट घराने दीर्घकालिक मुनाफे की उम्मीद में भारतीय बाजार में भारी निवेश कर रहे हैं। इस बदलते आर्थिक परिदृश्य के बीच अमेरिकी समूह डार्डन रेस्टोरेंट्स के स्वामित्व वाली कंपनी ऑलिव गार्डन ने भारत में कदम रखा है। सन् 1982 में स्थापित यह इटालियन चेन दुनिया के 12 देशों में करीब 1,000 आउटलेट्स का संचालन करती है, जो अपने अनलिमिटेड ब्रेडस्टिक्स और शानदार सलाद के लिए दुनिया भर में मशहूर है।

रेस्टोरेंट संख्या बढ़ेगी

कंपनी के शीर्ष प्रबंधन ने इस रणनीतिक साझेदारी और भविष्य के विस्तार रोडमैप को लेकर अंतरराष्ट्रीय मीडिया के साथ कई महत्वपूर्ण जानकारियां साझा की हैं।

गौरमेट इन्वेस्टमेंट्स के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) रोहन पेवेकर ने रॉयटर्स को दिए एक विशेष इंटरव्यू में अपनी दूरगामी व्यावसायिक सोच को स्पष्ट किया। उन्होंने बातचीत के दौरान कहा कि, “गौरमेट इन्वेस्टमेंट्स द्वारा आगामी तीन वर्षों के भीतर अपने वर्तमान रेस्टोरेंट काउंट को करीब 55 आउटलेट्स से बढ़ाकर विभिन्न प्रारूपों और श्रेणियों में लगभग 100 से 125 स्टोर्स तक पहुंचाने का एक मजबूत दृष्टिकोण तैयार किया गया है।” इस आक्रामक विस्तार योजना से फूड चेन मार्केट में हलचल तेज हो गई है।

मेट्रो शहरों पर ध्यान

इस मेगा विस्तार रणनीति के पहले चरण के तहत कंपनी देश के प्रमुख महानगरों और टियर-1 श्रेणी के बड़े शहरों पर अपना ध्यान पूरी तरह केंद्रित करेगी।

सीईओ रोहन पेवेकर ने नए ब्रांड की पैठ को लेकर उम्मीद जताते हुए कहा कि, “विस्तार योजनाओं के हिस्से के रूप में हमें पूरी उम्मीद है कि ऑलिव गार्डन के भारतीय रेस्टोरेंट की संख्या अगले तीन वर्षों में 10 से अधिक हो जाएगी।” उन्होंने आगे कहा कि शुरुआती सफलता के बाद कंपनी बड़े मेट्रो शहरों में और अधिक तेजी से नए आउटलेट्स खोलेगी। हालांकि, कंपनी ने इस पूरे प्रोजेक्ट में लगने वाली कुल निवेश राशि के वित्तीय आंकड़ों का अभी खुलासा नहीं किया है।

शाकाहारी विकल्पों पर जोर

भारतीय खान-पान की विशिष्ट आदतों और सांस्कृतिक विविधता को देखते हुए वैश्विक मेनू कार्ड में कुछ महत्वपूर्ण बदलाव किए जाने की भी योजना है।

गौरमेट इन्वेस्टमेंट्स द्वारा ऑलिव गार्डन के वैश्विक स्वाद और प्रामाणिक इटालियन मेनू को पूरी तरह बरकरार रखा जाएगा, लेकिन इसके साथ ही इसमें स्थानीय पसंद के अनुसार भारी मात्रा में शाकाहारी विकल्पों को जोड़ा जाएगा। यह एक ऐसी सर्वस्वीकृत रणनीति है जिसे अधिकांश पश्चिमी फूड चेन्स भारत की विशाल शाकाहारी आबादी को आकर्षित करने और उनके बीच अपनी मजबूत पैठ बनाने के लिए विधिक रूप से अपनाती रही हैं। इससे भारतीय ग्राहकों को उनके अनुकूल स्वाद मिल सकेगा।

प्रीमियम डाइनिंग विकल्प

भारतीय बाजार में स्थानीय स्ट्रीट फूड और किफायती स्वदेशी विकल्पों के कारण वैश्विक ब्रांड्स के लिए प्रतिस्पर्धा हमेशा से बेहद कठिन रही है।

यही कारण है कि मैकडॉनल्ड्स से लेकर डोमिनोज पिज्जा जैसे अमेरिकी ब्रांड्स को भारत में बने रहने के लिए अपने चुनिंदा बर्गर और पिज्जा को 1 डॉलर (लगभग 80-95 रुपये) से भी कम कीमत पर पेश करना पड़ता है। रोहन पेवेकर ने मूल्य निर्धारण की रणनीति पर बात करते हुए स्पष्ट किया कि, “ऑलिव गार्डन भारतीय बाजार में आम बजट वाले आउटलेट्स के बजाय एक प्रीमियम कैजुअल डाइनिंग विकल्प के रूप में खुद को स्थापित करेगा।” गौरमेट इन्वेस्टमेंट्स द्वारा इस प्रीमियम श्रेणी के माध्यम से भारतीय फूड लवर्स को एक नया और बेहतरीन अनुभव देने का प्रयास किया जाएगा।[1]

डिस्क्लेमर (Disclaimer)

यह कॉर्पोरेट समाचार रिपोर्ट केवल व्यावसायिक और बाजार सूचना के उद्देश्यों के लिए तैयार की गई है। इसमें शामिल रेस्टोरेंट विस्तार के आंकड़े और भविष्य के अनुमान कंपनी प्रबंधन के आधिकारिक बयानों पर आधारित हैं। पाठक किसी भी व्यावसायिक निवेश या वित्तीय निर्णय से पहले संबंधित कंपनी की आधिकारिक नियामक फाइलिंग की जांच अवश्य करें। लेखक और प्रकाशक/संपादक इस रिपोर्ट की जानकारी के आधार पर होने वाले किसी भी व्यापारिक निर्णय या उससे उत्पन्न होने वाले परिणामों के लिए कानूनी रूप से उत्तरदायी नहीं हैं।

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Ajay Tyagi - Editor In Chief

Ajay Tyagi

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