व्हाट्सएप ने सरकार को आश्वस्त किया है कि सुरक्षा चर्चा पूरी होने तक वह भारत में अपना नया यूजरनेम फीचर अभी रोलआउट नहीं करेगा।
डिजिटल वित्तीय सेवाएं अपनाने के मामले में दक्षिण भारत सबसे आगे है जबकि देश के अन्य हिस्सों में विश्वास और बुनियादी ढांचे की कमी देखी जा रही है।
भारतीय बाजार में व्हाट्सएप अपने विशाल उपभोक्ता आधार को डिजिटल भुगतान और वाणिज्य के बड़े केंद्र में बदलने के लिए कड़ा संघर्ष कर रहा है।
एआई गवर्नेंस पर वैश्विक संवाद के दौरान UN महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने AI की अनियंत्रित रफ्तार और इसके खतरों को लेकर दुनिया को आगाह किया।
वैश्विक ब्रांड की नकल रोकने के लिए अदालत के कड़े निर्देशों के खिलाफ वैश्विक डोमेन विक्रेता कंपनियों ने कानूनी अपील दायर की है।
केंद्र सरकार ने ई-रिक्शा को बीच सड़क पर रोकने वाले मोबाइल ऐप्स पर प्रतिबंध लगा दिया है, जिसके तहत कई चीनी ऐप्स को प्ले स्टोर से हटाने के निर्देश दिए।
भारत सरकार द्वारा नए यूजरनेम फीचर पर रोक लगाने से डिजिटल बाजार में सोशल मीडिया दिग्गज मेटा के मैसेजिंग ऐप व्हाट्सएप पर संकट खड़ा हो गया है।
भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) ने अंतरिक्ष विज्ञान के क्षेत्र में एक नया मील का पत्थर छूते हुए इंजन का सफल हॉट टेस्ट पूरा कर लिया है।
जींद-सोनीपत रूट पर हाइड्रोजन ट्रेन का परीक्षण शुक्रवार को होगा। 120 किमी की रफ्तार से ट्रेन के ब्रेकिंग और इंजन क्षमता जैसे प्रमुख सुरक्षा मानकों को परखा जाएगा।
टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स पर साइबर हमला हुआ है, जिससे एप्पल और टेस्ला के गोपनीय दस्तावेज और तकनीकी स्पेसिफिकेशन डार्क वेब पर लीक हो गए हैं।
कृत्रिम बुद्धिमत्ता और क्लाउड कंप्यूटिंग के इस दौर में देश के डेटा सेंटर्स पर अचानक डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर का संकट गहराने की चेतावनी दी गई है।
घरेलू तकनीकी कंपनियों के राजस्व पर बढ़ते दबाव के बीच विप्रो में एआई विस्तार की रूपरेखा तैयार की गई है जिससे उद्योग में बड़ा बदलाव आएगा।
भारत में मेटा का एआई डेटा सेंटर स्थापित हो रहा है। गुजरात में बनने वाला यह 168 मेगावाट क्षमता का केंद्र देश की डिजिटल अर्थव्यवस्था को नई गति देगा।
एक्सपेंग के ह्यूमनॉइड रोबोट्स का उत्पादन बढ़ाने के लिए कंपनी के सीईओ हे शियाओपेंग ने बड़ी जिम्मेदारी संभाली है। कंपनी साल के अंत तक बड़े पैमाने पर निर्माण की तैयार
भारत में एआई डेटा सेंटर बन रहे हैं ऊर्जा के लिए नए संकट का कारण, बिजली और पानी की भारी मांग से भविष्य पर मंडरा रहे हैं गंभीर सवाल।