WA Join our WhatsApp Group
Advertisement Advertisement
View in Newspaper Form

घूसखोर बैंक कर्मी गिरफ्तार: सरकारी योजना की राशि के लिए मांगी रिश्वत

स्वीकृत लोन की ओडी सुविधा जारी करने के एवज में रिश्वतखोरी के मामले में 2 बैंक कर्मी गिरफ्तार किए गए हैं, जिससे पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया है।

By अजय त्यागी
1 min read
प्रतीकात्मक फोटो - Rex TV India

प्रतीकात्मक फोटो - Rex TV India

लखनऊ, उत्तर प्रदेश। मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना के तहत पहले से स्वीकृत लोन की ओवरड्राफ्ट सुविधा की राशि को जारी करने के नाम पर रिश्वत लेने वाले बैंक ऑफ बड़ौदा के अधिकारियों पर बड़ी गाज गिरी है। इस भ्रष्टाचार के खिलाफ सीबीआई ने जाल बिछाकर सुल्तानपुर जिले की कोइरीपुर शाखा में अपना शिकंजा कसा है। आईएएनएस की एक रिपोर्ट के अनुसार, इस गंभीर मामले में रिश्वत की रकम के साथ 2 बैंक कर्मी गिरफ्तार किए गए हैं जिससे पूरे उत्तर प्रदेश के बैंकिंग क्षेत्र में हड़कंप मच गया है। [1]

रिश्वत का खेल

सीबीआई अधिकारियों के अनुसार यह पूरा मामला बैंक ऑफ बड़ौदा की कोइरीपुर शाखा में स्वीकृत हुए 5 लाख रुपये के लोन से जुड़ा है। लोन की मूल राशि पहले ही दी जा चुकी थी लेकिन ओडी सुविधा को जारी करने के एवज में बैंक मैनेजर स्वर्णिम श्रीवास्तव और क्रेडिट ऑफिसर पुष्पक चौधरी ने पीड़ित से 45,000 रुपये की घूस मांगी थी। शिकायत मिलने पर सीबीआई की टीम ने 14 जुलाई को जाल बिछाया जिसके तहत 35,000 रुपये की घूस लेते ही मौके पर मौजूद बैंक कर्मी गिरफ्तार कर लिया गया और भ्रष्टाचार की इस बड़ी साजिश का पर्दाफाश हुआ।

इस कार्रवाई के दौरान क्रेडिट ऑफिसर पुष्पक चौधरी को शिकायतकर्ता से सीधे तौर पर रिश्वत की रकम लेते हुए पकड़ा गया था। इसके बाद सीबीआई ने इस साजिश में शामिल और उनके इशारे पर काम करने वाले मुख्य शाखा प्रबंधक स्वर्णिम श्रीवास्तव को भी अपनी हिरासत में ले लिया। इस प्रकार भ्रष्टाचार के इस गंभीर मामले में दोनों बैंक कर्मी गिरफ्तार होने के बाद अब इन्हें लखनऊ की विशेष अदालत के समक्ष पेश किया गया है जहाँ आगे की गहन पूछताछ की जा रही है।

सख्त निगरानी

खुफिया रिपोर्टों के अनुसार सीबीआई आने वाले दिनों में सरकारी योजनाओं का लाभ रोकने वाले संदिग्ध बैंक अधिकारियों और बिचौलियों पर अपनी निगरानी को और अधिक तीव्र करने की योजना बना रही है। स्थानीय पुलिस और सतर्कता विभागों को भी अलर्ट पर रखा गया है ताकि किसी भी वित्तीय अनियमितता को समय रहते पकड़ा जा सके। बैंक ऑफ बड़ौदा की इस शाखा में घूस लेते हुए बैंक कर्मी गिरफ्तार होने के बाद विभाग के सभी पुराने दस्तावेजों और फाइलों की फोरेंसिक जांच की जा रही है।

प्रशासन ने आम नागरिकों से भी यह अपील की है कि वे किसी भी सरकारी योजना का लाभ पाने या लोन के लिए किसी को घूस न दें और शिकायत तुरंत दर्ज कराएं। आने वाले समय में यह भ्रष्टाचार विरोधी अभियान और अधिक कड़ा हो सकता है क्योंकि सरकार बैंकिंग प्रणाली को पारदर्शी बनाने के लिए कड़े कदम उठा रही है। इस बड़ी कार्रवाई में आरोपी बैंक कर्मी गिरफ्तार होने के बाद अब पीड़ित को उसकी स्वीकृत ओडी राशि बिना किसी अड़चन के जल्द जारी करने का निर्देश दिया गया है।

अस्वीकरण (Disclaimer):

यह रिपोर्ट विश्वस्त समाचार एजेंसियों और स्रोतों से प्राप्त तथ्यों पर आधारित है। इसका प्रकाशन केवल सूचना के उद्देश्य से किया गया है। वित्तीय अपराधों, सरकारी योजनाओं के नियमों और भ्रष्टाचार विरोधी कानूनों से संबंधित किसी भी रणनीतिक निर्णय के लिए अधिकृत न्यायिक और सरकारी स्रोतों से परामर्श लें। इस रिपोर्ट के आधार पर लिए गए किसी भी निर्णय के लिए लेखक, प्रकाशक एवं संपादक किसी भी रूप में उत्तरदायी नहीं होंगे।

Rex TV Verification Metrics
Ajay Tyagi - Editor In Chief

Ajay Tyagi

Editor-in-Chief
Source Source