मेटा समझौता किशोरों की सोशल मीडिया पहुंच पर लगाएगा नई पाबंदियां
मेटा समझौता: फेसबुक और इंस्टाग्राम पर किशोरों के इस्तेमाल की सीमा तय होगी और रात में पहुंच रोकी जाएगी जिससे ऑनलाइन सुरक्षा को बढ़ावा मिलेगा।

प्रतीकात्मक फोटो
वाशिंगटन अमेरिका में सोशल मीडिया कंपनी मेटा ने बच्चों और किशोरों की सुरक्षा से जुड़े मुकदमों को खत्म करने के लिए करीब 18 अरब डॉलर तक के समझौते पर सहमति जताई है। यह समझौता अमेरिका के लगभग सभी राज्यों के साथ हुआ है और इसके तहत फेसबुक तथा इंस्टाग्राम पर किशोरों के इस्तेमाल को सीमित किया जाएगा। मेटा पर आरोप था कि उसने अपने प्लेटफॉर्म इस तरह डिजाइन किए जिससे बच्चे इनसे अत्यधिक जुड़े रहें। कंपनी ने हालांकि किसी गलत काम को स्वीकार नहीं किया है। [1]
सख्त सीमाएं
मेटा समझौता द्वारा अगले दस वर्षों तक किशोरों के लिए फेसबुक और इंस्टाग्राम के इस्तेमाल की सीमा रोजाना दो घंटे तय की जाएगी। आधी रात से सुबह छह बजे तक उनकी पहुंच बंद रहेगी जब तक अभिभावक इसकी अनुमति नहीं देते। स्कूल के समय सुबह आठ बजे से दोपहर तीन बजे तक किशोरों को भेजे जाने वाले अधिकांश पुश नोटिफिकेशन भी बंद किए जाएंगे। कंपनी बच्चों को उम्र आधारित प्रतिबंधित सामग्री से दूर रखने के लिए सुरक्षा उपायों को भी मजबूत करेगी।
समझौते में मेटा को निजी सिफारिशों या लक्षित विज्ञापनों की व्यवस्था पूरी तरह खत्म करने के लिए बाध्य नहीं किया गया है। कंपनी ने कहा कि उसका उद्देश्य अभिभावकों और किशोरों के लिए सुरक्षित तथा उपयोगी अनुभव सुनिश्चित करना है। अमेरिकी राज्यों को अगले दशक में करीब 16.7 अरब डॉलर तक भुगतान किया जाएगा। इनमें कैलिफोर्निया को करीब 2.2 अरब डॉलर और न्यूयॉर्क को करीब 1.1 अरब डॉलर मिल सकते हैं। टेक्सास ने अलग समझौते के तहत एक अरब डॉलर से अधिक की राशि तय की है।
मानसिक स्वास्थ्य पर बहस
मेटा समझौता ऐसे समय हुआ है जब कंपनी के खिलाफ बच्चों की मानसिक सेहत पर सोशल मीडिया के प्रभाव को लेकर हजारों मुकदमे चल रहे हैं। इनमें चिंता अवसाद और आत्महत्या जैसे गंभीर नुकसान के आरोप भी शामिल हैं। अमेरिकी न्यायाधीश यवोन गोंजालेज रोजर्स ने मुख्य समझौते को मंजूरी देते हुए इसे आगे बढ़ने की दिशा में अच्छा कदम बताया। इसके अलावा कंपनी ने कैंब्रिज एनालिटिका मामले से जुड़े राज्यों के गोपनीयता दावों को निपटाने के लिए 459 मिलियन डॉलर देने पर भी सहमति दी है।
यह मेटा समझौता केवल भुगतान तक सीमित नहीं है बल्कि अमेरिकी सोशल मीडिया नीति पर व्यापक असर डाल सकता है। इसमें स्नैपचैट टिकटॉक और यूट्यूब जैसी सेवाओं पर भी समान सुरक्षा उपाय अपनाने का दबाव बन सकता है। समझौते में करीब 12.7 अरब डॉलर का भुगतान सुनिश्चित है जबकि लगभग 5 अरब डॉलर अतिरिक्त राशि कुछ अन्य कंपनियों द्वारा समान सुरक्षा शर्तें अपनाने पर निर्भर होगी। फ्लोरिडा और न्यू मैक्सिको ने समझौते से अलग रहकर अपनी कानूनी कार्रवाई जारी रखने का फैसला किया है।
अस्वीकरण (Disclaimer):
यह रिपोर्ट विश्वस्त समाचार एजेंसियों और स्रोतों से प्राप्त तथ्यों पर आधारित है। इसका प्रकाशन केवल सूचना के उद्देश्य से किया गया है। समझौते की शर्तों और कानूनी प्रक्रियाओं में आगे बदलाव संभव है इसलिए पाठकों को अंतिम निर्णय के लिए आधिकारिक जानकारी पर निर्भर रहना चाहिए। इस रिपोर्ट के आधार पर लिए गए किसी भी निर्णय के लिए लेखक, प्रकाशक एवं संपादक किसी भी रूप में उत्तरदायी नहीं होंगे।