WA Join our WhatsApp Group
Advertisement Advertisement
View in Newspaper Form

गुजरात स्पोर्ट्स जीनोमिक्स से खुलेगा प्रतिभा का रास्ता, जानें प्लान

गुजरात स्पोर्ट्स जीनोमिक्स के जरिए खेल प्रतिभाओं की पहचान। DNA के साथ शारीरिक और प्रदर्शन संबंधी आंकड़ों का अध्ययन होगा। 10 हजार नमूने जुटाने की योजना है।

By अजय त्यागी
1 min read
advertisement13Aug2026%20copy.jpg
प्रतीकात्मक फोटो

प्रतीकात्मक फोटो

गांधीनगर, गुजरात। राज्य ने खेल प्रतिभाओं की पहचान और खिलाड़ियों के विकास को अधिक वैज्ञानिक बनाने के लिए स्पोर्ट्स जीनोमिक्स प्रोग्राम शुरू किया है। गुजरात बायोटेक्नोलॉजी रिसर्च सेंटर द्वारा विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग के तहत लागू इस पहल में खिलाड़ियों के DNA के साथ उनके शारीरिक और प्रदर्शन संबंधी आंकड़ों का विश्लेषण किया जाएगा। IANS के अनुसार यह पहल राष्ट्रीय खेल दिवस से ठीक पहले और 2030 कॉमनवेल्थ गेम्स की तैयारियों के बीच शुरू हुई है। राज्य ने इसे भारत का पहला राज्य स्तरीय स्पोर्ट्स जीनोमिक्स प्रोग्राम बताया है। [1]

खेल प्रतिभा की पहचान

कार्यक्रम के तहत इस वर्ष करीब 2000 खिलाड़ियों के नमूने लेने का लक्ष्य रखा गया है। अगले पांच वर्षों में यह संख्या लगभग 10000 नमूनों तक पहुंचाने की योजना है। शुरुआती नमूने गुजरात स्टेट टेनिस एसोसिएशन से जुड़े टेनिस खिलाड़ियों से लिए जा चुके हैं। अगले चरण में विजयी भारत फाउंडेशन से जुड़े तीरंदाजी, तलवारबाजी, जूडो और निशानेबाजी के खिलाड़ियों के नमूने लेने की योजना है। गुजरात स्पोर्ट्स जीनोमिक्स पहल में जीनोमिक जानकारी को खेल विज्ञान, फिजियोलॉजी और पोषण संबंधी जानकारी के साथ जोड़ने का लक्ष्य रखा गया है।

कार्यक्रम में पूरे जीनोम की सीक्वेंसिंग के जरिए उन आनुवंशिक बदलावों का अध्ययन किया जाएगा जो सहनशक्ति, शक्ति, मांसपेशियों की संरचना, मेटाबॉलिज्म, व्यायाम की प्रतिक्रिया, रिकवरी और चोट के जोखिम से जुड़े हो सकते हैं। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि किसी खिलाड़ी की सफलता केवल आनुवंशिकी से तय नहीं होती। प्रशिक्षण, कोचिंग, पोषण, खेल सुविधाएं, सामाजिक सहयोग और पर्यावरणीय परिस्थितियां भी प्रदर्शन को प्रभावित करती हैं। इसलिए जीनोमिक जानकारी को प्रतिभा पहचानने की मौजूदा प्रक्रियाओं के साथ एक अतिरिक्त आधार के रूप में इस्तेमाल किया जाएगा।

खिलाड़ियों को जोड़ा जाएगा

विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग की सचिव पी भारती के अनुसार पारंपरिक प्रतिभा पहचान में शारीरिक माप, कोचिंग आकलन और ट्रायल के दौरान प्रदर्शन को देखा जाता है। प्रस्तावित मॉडल में आनुवंशिक और जैविक जानकारी जोड़कर खिलाड़ी की अधिक व्यापक प्रोफाइल तैयार करने की कोशिश होगी। शोध में शक्ति, सहनशक्ति, चोट के जोखिम और व्यायाम की प्रतिक्रिया से जुड़े गुणों के साथ न्यूट्रिजीनोमिक्स, लाइफस्टाइल जीनोमिक्स, व्यक्तित्व से जुड़े गुण और सर्केडियन रिदम जैसे क्षेत्रों को भी देखा जाएगा। इसका उद्देश्य पारंपरिक आकलन को अधिक जानकारी से पूरक बनाना है।

कार्यक्रम में एथलेटिक्स, तैराकी, मुक्केबाजी, कुश्ती, जूडो, ताइक्वांडो, जिम्नास्टिक और तलवारबाजी सहित कई खेल शामिल होंगे। फुटबॉल, हॉकी, हैंडबॉल, वॉलीबॉल और बास्केटबॉल जैसे टीम खेलों के साथ बैडमिंटन, टेबल टेनिस, लॉन टेनिस, कबड्डी और खो खो को भी योजना में शामिल किया गया है। तीरंदाजी, निशानेबाजी और शतरंज जैसे सटीकता और कौशल आधारित खेल भी दायरे में हैं। 14 वर्ष से कम, 14 से 18 वर्ष और 18 वर्ष से अधिक आयु के खिलाड़ियों को शामिल करने का प्रस्ताव है।

एथलीट जीनोम डेटाबेस बनेगा

गुजरात स्पोर्ट्स जीनोमिक्स कार्यक्रम का एक महत्वपूर्ण हिस्सा प्रस्तावित गुजरात एथलीट जीनोम डेटाबेस है। इसमें आनुवंशिक, शारीरिक और खेल प्रदर्शन से जुड़ी जानकारी को एक साथ रखने की योजना है। यह डेटाबेस लंबे समय में खिलाड़ियों की प्रोफाइलिंग और शोध के लिए संसाधन बन सकता है। राज्य की योजना हर वर्ष लगभग 2000 नमूनों की सीक्वेंसिंग और विश्लेषण करने की है। पांच वर्षों में लगभग 10000 नमूनों का डेटाबेस तैयार करने का लक्ष्य है। राष्ट्रीय और राज्य स्तर के चैंपियन खिलाड़ियों को प्राथमिकता समूह में शामिल करने की योजना भी बताई गई है।

प्रस्तावित डेटाबेस के जरिए आनुवंशिक प्रोफाइलिंग, साक्ष्य आधारित प्रतिभा पहचान, चोट के जोखिम का आकलन, रिकवरी रणनीति तथा व्यक्तिगत प्रशिक्षण और पोषण कार्यक्रमों पर काम करने की संभावना है। बायोइन्फॉर्मेटिक्स विश्लेषण की मदद से जीनोटाइप आधारित प्रदर्शन पूर्वानुमान मॉडल तैयार करने की भी योजना है। हालांकि वैज्ञानिकों ने जोर दिया है कि ऐसा कोई एकल स्पोर्ट्स जीन नहीं है जो यह तय कर सके कि खिलाड़ी सफल होगा या नहीं। खेल प्रदर्शन कई आनुवंशिक और पर्यावरणीय कारकों का जटिल परिणाम है। इसलिए गुजरात स्पोर्ट्स जीनोमिक्स को व्यापक खिलाड़ी आकलन का एक हिस्सा माना जा रहा है।

तकनीकी तैयारी

गुजरात बायोटेक्नोलॉजी रिसर्च सेंटर के पास जीनोमिक नमूना प्रसंस्करण, सीक्वेंसिंग और डेटा विश्लेषण की सुविधाएं मौजूद हैं। इनमें NovaSeq 6000, GridION और PromethION प्लेटफॉर्म, Illumina iScan, Illumina DRAGEN तथा हाई परफॉर्मेंस कंप्यूटिंग सुविधाएं शामिल हैं। केंद्र ने Empower Gujarat’s Athletes नामक स्पोर्ट जीनोमिक्स परियोजना के लिए शोध पदों की भी घोषणा की है। इस बुनियादी ढांचे का इस्तेमाल खिलाड़ियों से जुड़े नमूनों और आंकड़ों के वैज्ञानिक विश्लेषण में किया जाना प्रस्तावित है। इससे राज्य की खेल जैव प्रौद्योगिकी क्षमता विकसित करने की कोशिश भी जुड़ी हुई है।

कार्यक्रम का समय 2030 कॉमनवेल्थ गेम्स की तैयारियों के संदर्भ में महत्वपूर्ण माना जा रहा है। गुजरात में आयोजित होने वाले इस बड़े खेल आयोजन से पहले राज्य खिलाड़ियों की प्रतिभा पहचान और विकास को वैज्ञानिक आधार देने की कोशिश कर रहा है। हालांकि जीनोमिक्स का उपयोग पारंपरिक कोचिंग और प्रदर्शन आकलन को हटाने के लिए नहीं बल्कि उनके साथ जोड़ने के लिए किया जाएगा। इस पहल के जरिए लंबी अवधि में प्रशिक्षण, पोषण और रिकवरी को अधिक व्यक्तिगत बनाने की संभावनाओं का अध्ययन किया जाएगा। खिलाड़ियों की वास्तविक सफलता पर प्रशिक्षण और अन्य परिस्थितियों की भूमिका बनी रहेगी।

डेटा सुरक्षा पर भी जोर

जीनोमिक जानकारी बेहद संवेदनशील होने के कारण कार्यक्रम में सूचित सहमति, डेटा सुरक्षा, नियंत्रित पहुंच और जिम्मेदार उपयोग से जुड़े सुरक्षा उपाय प्रस्तावित किए गए हैं। खिलाड़ियों की पहचान सुरक्षित रखने के लिए दो स्तर वाली बारकोडिंग व्यवस्था का प्रस्ताव है। जैसे जैसे डेटाबेस का विस्तार होगा, उसके संचालन और डेटा उपयोग के लिए मजबूत शासन व्यवस्था महत्वपूर्ण होगी। गुजरात स्पोर्ट्स जीनोमिक्स कार्यक्रम इसलिए केवल खेल प्रतिभा पहचान की पहल नहीं बल्कि जीनोमिक डेटा प्रबंधन और खिलाड़ी गोपनीयता से जुड़ी बड़ी जिम्मेदारी भी लेकर आएगा। वैज्ञानिक उपयोग और व्यक्तिगत जानकारी की सुरक्षा के बीच संतुलन जरूरी होगा।

अस्वीकरण (Disclaimer):

यह रिपोर्ट विश्वस्त समाचार एजेंसियों और स्रोतों से प्राप्त तथ्यों पर आधारित है। इसका प्रकाशन केवल सूचना के उद्देश्य से किया गया है। जीनोमिक परीक्षण किसी खिलाड़ी की सफलता या भविष्य के प्रदर्शन की निश्चित भविष्यवाणी नहीं करता और आनुवंशिक जानकारी के उपयोग में वैज्ञानिक सीमाओं, सूचित सहमति तथा डेटा गोपनीयता का ध्यान रखना आवश्यक है। इस रिपोर्ट के आधार पर लिए गए किसी भी निर्णय के लिए लेखक, प्रकाशक एवं संपादक किसी भी रूप में उत्तरदायी नहीं होंगे।

Rex TV Verification Metrics
Ajay Tyagi - Editor In Chief

Ajay Tyagi

Editor-in-Chief