रास्ते का विवाद 16 साल बाद सुलझा, अदालत के आदेश पर हुई कार्रवाई
16 साल पुराना रास्ते का विवाद सुलझा, न्यायालय के आदेश पर दीवार हटाई गई। मदनलाल के पक्ष में आए फैसले की पालना सेल अमीन ने मौके पर कराई और रास्ता साफ हुआ।
रास्ते का विवाद सुलझा दीवार हटाई
बीकानेर, राजस्थान। 16 साल पुराने रास्ते के विवाद में न्यायालय के आदेश पर बड़ी कार्रवाई हुई और डिक्रीदार मदनलाल के घर के दक्षिण में बनी दीवार हटवा दी गई। अति० सिविल न्यायाधीश सेल बीकानेर की पीठासीन अधिकारी श्रीमती पल्लवी के आदेश पर इजराय प्रकरण संख्या 12/2018 में कार्रवाई की गई। जिला एवं सेशन न्यायालय बीकानेर के सेल अमीन सत्यनारायण शर्मा मौके पर पहुंचे और न्यायालय के आदेश की पालना करवाई। मामला मदनलाल बनाम श्रवण कुमार से जुड़ा बताया गया है।
पुराना विवाद
दिए गए तथ्यों के अनुसार रास्ते का विवाद करीब 16 साल पहले शुरू हुआ था। आरोप है कि मदनलाल के घर के दक्षिण में दीवार खड़ी कर मुख्य गली का गेट लगा दिया गया था, जिससे रास्ता बाधित हो गया। इसके बाद मदनलाल ने न्यायालय की शरण ली। वर्ष 2021 में न्यायालय ने मदनलाल के हक में फैसला सुनाते हुए श्रवण कुमार को दीवार हटाने के निर्देश दिए। बताया गया कि आदेश के बावजूद दीवार नहीं हटाई गई, जिसके बाद मामला निष्पादन प्रकरण में आगे बढ़ा।
न्यायालय के आदेश की पालना नहीं होने के बाद इजराय प्रकरण में कार्रवाई की गई। अदालत के निर्देश पर जिला एवं सेशन न्यायालय के सेल अमीन सत्यनारायण शर्मा मौके पर पहुंचे और दीवार हटवाने की कार्रवाई पूरी कराई। इस तरह रास्ते का विवाद केवल फैसले तक सीमित नहीं रहा बल्कि न्यायालय की निष्पादन प्रक्रिया के जरिए आदेश को जमीन पर लागू कराया गया। मामले में मदनलाल की ओर से एडवोकेट चतुर्भुज सारस्वत और एडवोकेट केदार सारस्वत द्वारा पैरवी किए जाने की जानकारी दी गई है।
फैसले की पालना
इस मामले का एक अहम पहलू यह भी है कि डिक्रीदार मदनलाल का वर्ष 2020 में निधन हो चुका था। इसके बावजूद उनके पक्ष में आए न्यायालय के फैसले की निष्पादन कार्रवाई आगे बढ़ी। उपलब्ध विवरण के मुताबिक वर्ष 2021 में फैसला आने के बाद आदेश की पालना नहीं होने से प्रकरण जारी रहा। बाद में न्यायालय ने अपनी प्रक्रिया के तहत सेल अमीन के माध्यम से आदेश लागू करवाया। इससे साफ है कि रास्ते का विवाद अदालत के फैसले के बाद भी निष्पादन स्तर पर चलता रहा और अंततः मौके पर कार्रवाई करके दीवार हटाई गई।
लंबे समय से चले आ रहे रास्ते का विवाद अब न्यायालय के आदेश की पालना के बाद एक अहम पड़ाव पर पहुंचा है। उपलब्ध तथ्यों के अनुसार मुख्य गली का रास्ता दीवार के कारण बाधित था और अदालत ने इसे हटाने का निर्देश दिया था। अब सेल अमीन की मौजूदगी में कार्रवाई पूरी हो चुकी है। मदनलाल के निधन के बावजूद उनके पक्ष में हुए फैसले का क्रियान्वयन हुआ। इस मामले से यह भी सामने आता है कि न्यायालय के आदेश के बाद निष्पादन प्रक्रिया के जरिए पुराने विवादों में जमीन पर वास्तविक कार्रवाई कराई जा सकती है।
अस्वीकरण (Disclaimer):
यह रिपोर्ट विश्वस्त समाचार एजेंसियों और स्रोतों से प्राप्त तथ्यों पर आधारित है। इसका प्रकाशन केवल सूचना के उद्देश्य से किया गया है। न्यायालयी प्रकरण से संबंधित जानकारी उपलब्ध तथ्यों के आधार पर प्रस्तुत की गई है और किसी भी पक्ष की कानूनी स्थिति के संबंध में अंतिम निष्कर्ष संबंधित न्यायालय के आदेश और अभिलेखों पर निर्भर करेगा। इस रिपोर्ट के आधार पर लिए गए किसी भी निर्णय के लिए लेखक, प्रकाशक एवं संपादक किसी भी रूप में उत्तरदायी नहीं होंगे।