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महिला की हत्या के आरोपी की सार्वजनिक पिटाई, पुलिस कार्रवाई पर उठे सवाल 

पुलिस द्वारा महिला की हत्या के आरोपी की सार्वजनिक पिटाई का वीडियो वायरल है। अफसर ने इसे अपराधियों में डर और जनता का भरोसा लौटाने की कार्रवाई बताया।

By अजय त्यागी
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आरोपी की सार्वजनिक पिटाई

आरोपी की सार्वजनिक पिटाई

भावनगर, गुजरात। आरोपी की सार्वजनिक पिटाई का मामला सामने आने के बाद पुलिस की कार्रवाई चर्चा में है। लिव इन पार्टनर काजल बारैया की हत्या के आरोपी फैजल उर्फ खाटकी लखानी को पुलिस क्राइम सीन रीक्रिएशन के लिए बस स्टैंड ले गई थी। ईटीवी भारत की रिपोर्ट के अनुसार, इसी दौरान पुलिसकर्मियों ने उसे रस्सियों से बांधकर लाठियों से पीटा। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ। नीलमबाग थाने के इंस्पेक्टर डी पी उनादकट ने कार्रवाई को गंभीर अपराध के बाद जरूरी बताया।  [विडियो]    [1]

पुलिस ने दी सफाई

पुलिस के मुताबिक काजल और फैजल करीब 7 साल से साथ रह रहे थे। 3 सितंबर को दोनों के बीच विवाद हुआ और आरोप है कि फैजल ने काजल पर बेरहमी से हमला किया। CCTV में कैद इस घटना के बाद काजल को अस्पताल ले जाया गया जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। पुलिस ने 4 सितंबर को फैजल को हत्या के आरोप में पकड़ा। अगले दिन घटनास्थल पर क्राइम सीन रीक्रिएशन के दौरान आरोपी की सार्वजनिक पिटाई का वीडियो सामने आया।

ईटीवी भारत की रिपोर्ट के अनुसार, इंस्पेक्टर डी पी उनादकट ने कहा कि घटना ने पुलिस की छवि और लोगों के भरोसे को नुकसान पहुंचाया था। उनके मुताबिक आम लोगों में यह संदेश जा रहा था कि कानून व्यवस्था कमजोर हो रही है और अपराधी महिलाओं पर हमला कर रहे हैं। इसी वजह से पुलिस ने कथित तौर पर कड़ा संदेश देने के लिए यह कदम उठाया। उन्होंने इसे बेहद गंभीर मामला बताते हुए कहा कि अपराधियों में पुलिस का डर बनाए रखना जरूरी है। आरोपी का पहले भी आपराधिक मामलों में नाम आने की बात पुलिस ने कही है।

कानून पर उठे सवाल

मामले में पुलिस की भूमिका पर सवाल इसलिए भी उठ रहे हैं क्योंकि गुजरात में आरोपियों को सार्वजनिक रूप से पीटने या अपमानित करने को लेकर पहले से निर्देश मौजूद हैं। गुजरात हाईकोर्ट की कार्यवाही में सामने आया कि 7 मई 2019 के एक सरकारी परिपत्र में आरोपियों को सार्वजनिक जगह पर बैठने की सजा देने, घुटनों के बल चलाने, लात मारने या डंडे से पीटने जैसी कार्रवाई पर रोक बताई गई थी। ऐसे मामलों में संबंधित अधिकारियों पर अनुशासनात्मक कार्रवाई की बात भी कही गई थी।

भावनगर में आरोपी की सार्वजनिक पिटाई का वीडियो सामने आने के बाद पुलिस की कार्रवाई और कानून व्यवस्था को लेकर बहस तेज हो गई है। वीडियो में आरोपी को रस्सियों से बांधकर सार्वजनिक जगह पर ले जाते और पुलिसकर्मियों को लाठियों से मारते देखा जा सकता है। दूसरी ओर पुलिस इसे अपराध की गंभीरता के जवाब के तौर पर देख रही है। हत्या के मामले की जांच अपनी जगह जारी है लेकिन आरोपी के साथ हुई कार्रवाई अब पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े कर रही है।

अस्वीकरण (Disclaimer):

यह रिपोर्ट विश्वस्त समाचार एजेंसियों और स्रोतों से प्राप्त तथ्यों पर आधारित है। इसका प्रकाशन केवल सूचना के उद्देश्य से किया गया है। पुलिस द्वारा आरोपी के साथ की गई कथित मारपीट और उसके औचित्य से जुड़े दावों की स्वतंत्र कानूनी पुष्टि अलग विषय है और मामले में संबंधित अधिकारियों या न्यायालय की आगे की कार्रवाई के आधार पर स्थिति स्पष्ट हो सकती है। इस रिपोर्ट के आधार पर लिए गए किसी भी निर्णय के लिए लेखक, प्रकाशक एवं संपादक किसी भी रूप में उत्तरदायी नहीं होंगे।

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Ajay Tyagi - Editor In Chief

Ajay Tyagi

Editor-in-Chief