नौगांवा में जलझूलनी एकादशी पर सावरिया सेठ की भव्य शोभायात्रा
नौगांवा स्थित सावरिया सेठ मंदिर में जलझूलनी एकादशी पर भव्य शोभायात्रा निकाली गई। श्रद्धालुओं ने पारंपरिक विधि से ठाकुर जी को जलविहार कराया।

शोभायात्रा
भीलवाड़ा, राजस्थान (पंकज पोरवाल)। नौगांवा माधव गौशाला स्थित श्री सावरिया सेठ मंदिर में जलझूलनी एकादशी पर श्रद्धा का सैलाब उमड़ पड़ा। अलसुबह से ही मंदिर मार्ग पर श्रद्धालुओं की कतारें लगने लगीं और दिन चढ़ने के साथ दूर-दराज क्षेत्रों से पहुंचे पदयात्रियों एवं भक्तों से पूरा क्षेत्र भक्तिमय हो उठा। भगवान सांवरिया सेठ के बाल स्वरूप की भव्य बेवान शोभायात्रा निकली तो जयकारों और ढोल-नगाड़ों की गूंज से वातावरण सांवरिया मय हो गया। भगवान ठाकुर जी को बेवान में विराजित कर नगर भ्रमण कराया गया। इसके बाद निकटवर्ती सरोवर में पारंपरिक विधि-विधान एवं वैदिक मंत्रोच्चार के बीच ठाकुर जी को जलविहार कराया गया।
भक्तिमय माहौल
जलविहार के अलौकिक दर्शन कर श्रद्धालु भावविभोर हो उठे और परिवार, समाज तथा देश-प्रदेश में सुख, शांति एवं समृद्धि की कामना की। शोभायात्रा में जय कन्हैया लाल की और जय श्री सांवरिया सेठ के जयकारे गूंजते रहे। बेवान के आगे हाथी, घोड़ा और पालकी के साथ ढोल-नगाड़े, चंग एवं बैंड-बाजों की धुन पर श्रद्धालु भक्ति में झूमते नजर आए। जगह-जगह श्रद्धालुओं ने भगवान के दर्शन कर पुष्पवर्षा की और आरती कर आशीर्वाद लिया। जलझूलनी एकादशी के अवसर पर जिलेभर सहित आसपास के शहरों और ग्रामीण क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु नौगांवा पहुंचे। कई श्रद्धालु पदयात्रा करते हुए सावरिया सेठ के दरबार में पहुंचे।
विद्युत सज्जा
दिनभर मंदिर में दर्शन के लिए भक्तों का तांता लगा रहा। कतारबद्ध तरीके से श्रद्धालुओं ने भगवान के दिव्य दर्शन किए और प्रसाद ग्रहण किया। आस्था के इस आयोजन में व्यवस्था और अनुशासन का भी विशेष ध्यान रखा गया। पंडितों के वैदिक सान्निध्य में विशेष पूजा-अर्चना संपन्न हुई। दर्शन व्यवस्था, प्रसाद वितरण और श्रद्धालुओं की सुविधा से जुड़ी व्यवस्थाएं सेवाभावी कार्यकर्ताओं ने संभालीं। संध्या आरती के समय मंदिर परिसर का दृश्य और भी मनोहारी हो गया। मंदिर के शिखरों, मुख्य द्वारों और परिक्रमा मार्ग पर की गई विशेष विद्युत सज्जा से पूरा परिसर जगमगा उठा और रोशनी से सजे इस अद्भुत माहौल में आरती के दौरान श्रद्धा का अनूठा संगम देखने को मिला।
सफल आयोजन
आयोजन के दौरान संरक्षक डीपी अग्रवाल, अध्यक्ष गोविंद प्रसाद सोडाणी, महामंत्री कैलाश डाड, गौशाला सचिव सत्यप्रकाश गग्गड़, संयोजक मदन गोपाल कालरा तथा व्यवस्था प्रमुख मदन धाकड़ सहित ट्रस्ट के पदाधिकारी मौजूद रहे और व्यवस्थाओं को सुचारू बनाने में जुटे रहे। मंदिर ट्रस्ट एवं प्रबंधन ने आयोजन को सफल बनाने में सहयोग देने वाले सभी सेवाभावी भक्तों का आभार व्यक्त किया। इस प्रकार के धार्मिक आयोजनों से स्थानीय संस्कृति को बढ़ावा मिलने के साथ-साथ आपसी भाईचारे की भावना भी मजबूत होती है, जो समाज को एकता के सूत्र में बांधने का कार्य करती है।
अस्वीकरण (Disclaimer):
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