डॉ. बी.सी. घीया का निर्विरोध चयन, अब संभालेंगे संगठन की अहम कमान
डॉ. बी.सी. घीया आईएडीवीएल राजस्थान शाखा के अध्यक्ष निर्विरोध बने। बीकानेर के क्यूटिकॉन राज 2026 सम्मेलन में उनके नाम पर सहमति बनी।
प्रतीकात्मक फोटो
बीकानेर, राजस्थान। पीबीएम अस्पताल के अधीक्षक और चर्म रोग विशेषज्ञ डॉ. बी.सी. घीया को भारतीय चर्म, रति एवं कुष्ठ रोग विशेषज्ञ संगठन यानी आईएडीवीएल की राजस्थान शाखा का अध्यक्ष निर्विरोध मनोनीत किया गया है। बीकानेर में आयोजित 47वें राज्य स्तरीय सम्मेलन क्यूटिकॉन राज 2026 में डॉ. दीपक माथुर और डॉ. दिलीप कच्छावा ने उनके नाम का प्रस्ताव रखा। इसके बाद डॉ. घीया के नाम पर निर्विरोध सहमति बनी। डॉ. बी.सी. घीया वर्तमान में पीबीएम अस्पताल के अधीक्षक होने के साथ चर्म रोग विभागाध्यक्ष की जिम्मेदारी भी निभा रहे हैं।
सम्मेलन में चर्चा
24 और 25 अक्टूबर को आयोजित दो दिवसीय क्यूटिकॉन राज 2026 सम्मेलन में चर्म रोगों के उपचार की आधुनिक पद्धतियों, नए शोध और चिकित्सकीय अनुभवों पर विचार विमर्श हुआ। डॉ. घीया ने सम्मेलन के आयोजन प्रमुख की भूमिका भी निभाई। अस्पताल प्रशासन और विभागीय जिम्मेदारियों के साथ अब वे राज्य स्तर पर चर्म रोग विशेषज्ञों के संगठन का नेतृत्व करेंगे। डॉ. बी.सी. घीया का निर्विरोध मनोनयन बीकानेर के चिकित्सा जगत के लिए गौरव का अवसर है। सम्मेलन में विशेषज्ञों को उपचार के नए तरीकों और अपने अनुभव साझा करने का अवसर मिला।
नई जिम्मेदारी
आईएडीवीएल की राजस्थान शाखा के अध्यक्ष के रूप में डॉ. बी.सी. घीया की नई जिम्मेदारी विशेषज्ञों के बीच समन्वय, वैज्ञानिक संवाद और अनुभवों के आदान प्रदान को आगे बढ़ाने से जुड़ी है। सम्मेलन में हुई चर्चाओं ने चर्म रोगों के उपचार की बदलती पद्धतियों और नवीन शोध पर विचार साझा करने का अवसर दिया। पीबीएम अस्पताल में अधीक्षक और चर्म रोग विभागाध्यक्ष का दायित्व संभाल रहे डॉ. घीया अब राज्य स्तर पर संगठन का नेतृत्व भी करेंगे। उनका निर्विरोध मनोनयन चिकित्सा क्षेत्र में उनकी नई भूमिका की शुरुआत है और संगठन के कामकाज में समन्वय को आगे बढ़ाने की जिम्मेदारी भी है।
अस्वीकरण (Disclaimer):
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