आज देश के पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी की 35वीं पुण्यतिथि पर पूरा राष्ट्र उन्हें श्रद्धापूर्वक याद कर रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया के माध्यम से उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व सहित अन्य राजनीतिक दलों के नेताओं ने वीर भूमि पहुँचकर उन्हें नमन किया और आधुनिक भारत के निर्माण में उनकी भूमिका को रेखांकित किया।[1]
राजीव गांधी का जन्म 20 अगस्त 1944 को मुंबई में हुआ था। 31 अक्टूबर 1984 से 2 दिसंबर 1989 तक भारत के प्रधानमंत्री के रूप में उन्होंने देश को इक्कीसवीं सदी की राह दिखाई। "भारत एक प्राचीन देश है लेकिन एक युवा राष्ट्र," उनके इन शब्दों में आधुनिक भारत की नई सोच और आकांक्षाएं निहित थीं। उन्होंने देश के विकास के लिए कई ऐतिहासिक पहल शुरू कीं।
उनकी सबसे बड़ी पहचान सूचना प्रौद्योगिकी और दूरसंचार क्रांति के अग्रदूत के रूप में रही है। उनके प्रयासों से ही देश में कंप्यूटर और आईटी का विस्तार हुआ, जिसने आज की डिजिटल अर्थव्यवस्था की नींव रखी। इसके अलावा, उन्होंने मतदान की आयु को 21 से घटाकर 18 वर्ष करने जैसा क्रांतिकारी निर्णय लिया, जिससे युवाओं को लोकतांत्रिक प्रक्रिया में सीधे तौर पर जोड़ दिया गया।
देश के गांव-गांव तक लोकतंत्र पहुंचाने के लिए उन्होंने पंचायती राज संस्थाओं को संवैधानिक मान्यता प्रदान की। इसके साथ ही, शिक्षा नीति में बदलाव और टीकाकरण के लिए सार्वभौमिक प्रतिरक्षण कार्यक्रम शुरू करना उनकी दूरदर्शिता का प्रमाण है। आज जब हम एक आत्मनिर्भर भारत की चर्चा करते हैं, तो उसकी जड़ें पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी द्वारा शुरू की गई उन्हीं नीतियों में दिखाई देती हैं।
वीर भूमि पर श्रद्धांजलि देते हुए नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने कहा कि उनके पिता के मूल्य सदैव उनके मार्गदर्शक रहेंगे। उन्होंने एक्स पर पोस्ट कर कहा, "पापा, मैं उस कुशल, समृद्ध और मजबूत भारत के सपने को साकार करने की जिम्मेदारी पूरी तरह से निभाऊंगा जिसका आपने सपना देखा था।" उनकी यह प्रतिबद्धता राजीव गांधी के अधूरे कार्यों को पूरा करने की प्रेरणा देती है।
वीर भूमि पर आयोजित इस विशेष कार्यक्रम में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, प्रियंका गांधी वाड्रा और केसी वेणुगोपाल उपस्थित रहे। इनके साथ ही राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा और कई पूर्व केंद्रीय मंत्रियों ने भी पुष्पांजलि अर्पित की। सभी नेताओं ने उनके शांति समझौतों और सामाजिक एकता को मजबूत करने के प्रयासों को कृतज्ञता के साथ याद किया।
खड़गे ने उन्हें भारत का एक अद्भुत पुत्र बताया जिन्होंने करोड़ों लोगों में उम्मीद की किरण जगाई। उन्होंने आगे कहा, "उनके दूरदर्शी नेतृत्व ने सामाजिक भागीदारी और महिला सशक्तिकरण के क्षेत्र में जो कार्य किए, वे हमेशा याद रखे जाएंगे।" उनकी शहादत के बाद से ही हर साल 21 मई को उन्हें उनकी प्रतिबद्धता और राष्ट्र सेवा के लिए याद किया जाता है।
राजीव गांधी का जीवन साहस और भविष्य की दृष्टि का संगम था। उनका विजन केवल तात्कालिक विकास तक सीमित नहीं था, बल्कि वे भविष्य की पीढ़ियों के लिए एक मजबूत नींव रखना चाहते थे। आज जब पूरा देश पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी को याद कर रहा है, तो उनकी विरासत आधुनिक भारत के निर्माण में एक ध्रुवतारे की तरह चमक रही है और युवा भारत को निरंतर प्रेरित कर रही है।
Delhi: On the death anniversary of former Prime Minister Rajiv Gandhi, Lok Sabha LoP Rahul Gandhi, Congress leader Sonia Gandhi and Congress MP Priyanka Gandhi Vadra paid tribute to him at Veer Bhumi. pic.twitter.com/9iJocODTkA
— IANS (@ians_india) May 21, 2026
Author:अजय त्यागी
May 21, 2026: 3:20 PM
© 2026 Rex TV India
Contact @ 91 6376887816 | rextvindia@gmail.com