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Rex TV India
Latest News राजस्थान Digital Newsletter 03 Jun 2026 · 10:07 PM

संविदा कर्मचारी नियमितीकरण: वर्षों के संघर्ष पर सरकार की चुप्पी

संविदा कर्मचारी नियमितीकरण की मांग

सिरोही, राजस्थान (शिंभु सिंह शेखावत)। संविदा कर्मचारी नियमितीकरण की आस में जब हजारों आंखें सरकार की ओर देखती हैं, तो उस पीड़ा की गहराई को समझना हर किसी के बस की बात नहीं है। शिक्षा विभाग की नींव को अपने पसीने से सींचने वाले ये वो योद्धा हैं, जिन्होंने अपनी जवानी के 20 से 30 सुनहरे वर्ष इन विद्यालयों की चारदीवारी में बिता दिए, लेकिन बदले में उन्हें मिला तो बस एक मामूली मानदेय और अनिश्चित भविष्य। आज जब सिरोही की सड़कों पर ये कर्मचारी आक्रोश रैली के रूप में उतरे, तो हर कदम में एक दर्द था, एक ऐसी हूक थी जो सत्ता के गलियारों तक पहुंचने का इंतजार कर रही है।

दशहरा मैदान से शुरू हुई यह आक्रोश रैली केवल भीड़ नहीं थी, बल्कि उन लाखों उम्मीदों का सैलाब था जो नियमितीकरण की बाट जोह रही थीं। रेवदर ब्लॉक से लेकर जिले के सुदूर कोनों तक से आए ये पंचायत शिक्षक, सहायक और पाठशाला सहायक जब एक साथ गरजे, तो फिजाओं में एक ही सवाल गूंज रहा था—आखिर कब तक? वे अपनी मांगों को लेकर कलेक्टर कार्यालय पहुंचे, जहाँ उनकी आंखों में आंसू नहीं, बल्कि अपने भविष्य को सुरक्षित देखने का एक अटूट संकल्प था।

अधिकारों की लंबी प्रतीक्षा

संविदा कर्मचारी नियमितीकरण का मुद्दा आज केवल एक आर्थिक मांग नहीं रह गया है, बल्कि यह स्वाभिमान का प्रश्न बन चुका है। जो कर्मचारी पिछले तीन दशकों से शिक्षा व्यवस्था के स्तंभ बने हुए हैं, आज वे खुद को ठगा हुआ महसूस कर रहे हैं। उनके बच्चों की शिक्षा, उनके परिवार की सुरक्षा और उनके बुढ़ापे का सहारा—सब कुछ इसी एक निर्णय पर टिका है। यह कितनी विडंबना है कि जो राष्ट्र निर्माण में अपनी पूरी जिंदगी लगा देते हैं, वे अंत में स्वयं को असहाय पाते हैं।

जिले भर के सैकड़ों कर्मचारियों ने जब अपनी पीड़ा बयां की, तो वहां मौजूद हर व्यक्ति का दिल पसीज गया। जिला अध्यक्ष शंकरलाल पुरोहित और अन्य पदाधिकारियों के नेतृत्व में जिस एकता का प्रदर्शन किया गया, वह सरकार के लिए एक चेतावनी भी है और एक विनम्र निवेदन भी। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि वे भीख नहीं मांग रहे, बल्कि अपनी उस मेहनत का प्रतिफल मांग रहे हैं जो उन्होंने वर्षों तक निस्वार्थ भाव से समाज को दी है।

"यह संघर्ष अब केवल रोजगार का नहीं, बल्कि सम्मान, सुरक्षा और अधिकारों की लड़ाई बन चुका है। यदि सरकार ने जल्द निर्णय नहीं लिया, तो आंदोलन और भी व्यापक होगा," संविदा कर्मचारी संघ के पदाधिकारी।

बदलाव की उठती हुंकार

संविदा कर्मचारी नियमितीकरण की मांग अब उस मुकाम पर पहुंच गई है जहां से पीछे हटने का कोई रास्ता नहीं है। जब जगदीश धारावत जैसे जागरूक साथी अपनी आवाज बुलंद करते हैं, तो वे केवल अपनी बात नहीं कह रहे होते, बल्कि उन हजारों परिवारों की व्यथा कह रहे होते हैं जो आज भी आधी रात को जागकर अपने भविष्य के बारे में सोचते हैं। इस प्रदर्शन में शामिल आरती कुमारी और चकली देवी जैसी महिला कर्मियों का साहस इस बात का प्रमाण है कि नारी शक्ति अब अपने अधिकारों के प्रति कितनी सजग और अडिग है।

क्या शिक्षा विभाग की रीढ़ समझे जाने वाले इन लोगों को हमेशा उपेक्षा का ही पात्र बने रहना होगा? सरकार को यह समझना होगा कि एक संविदाकर्मी जब अपनी पूरी कार्यक्षमता के साथ विद्यालय में खड़ा होता है, तो वह केवल नौकरी नहीं कर रहा होता, वह एक भविष्य को गढ़ रहा होता है। आज उस गढ़ने वाले के अपने भविष्य पर संकट है, जिसे मिटाना अब सरकार का नैतिक दायित्व बनता है। यह आंदोलन इसी दायित्व को याद दिलाने का एक भावुक प्रयास है।

अंजाम तक पहुंचने का संकल्प

शाम ढलते-ढलते सिरोही का यह धरना-प्रदर्शन भले ही समाप्त हो गया, लेकिन इसके पीछे की आग अभी जल रही है। संविदा कर्मचारी नियमितीकरण की मांग के साथ ही इन्होंने एक स्पष्ट संदेश दे दिया है कि अब वे चुप नहीं बैठेंगे। जिस तरह से जिला संयोजक चुनाराम परिहार और उनकी पूरी टीम ने इस संघर्ष को एक दिशा दी है, उससे साफ है कि यह लड़ाई अब निर्णायक मोड़ पर है। यदि सरकार ने इन संवेदनशील लोगों की बात नहीं सुनी, तो शायद यह आक्रोश एक बड़े बदलाव का सबब बनेगा।

अंततः, हम सभी को यह सोचने की जरूरत है कि क्या हम एक ऐसे समाज का निर्माण कर रहे हैं जहां सेवा का फल अनिश्चितता है? यह समय है कि उन हाथों को मजबूती दी जाए जिन्होंने पीढ़ी दर पीढ़ी ज्ञान के दीपक जलाए हैं। संविदा कर्मचारी नियमितीकरण केवल फाइलों का एक पन्ना नहीं, बल्कि हजारों घरों की खुशहाली की चाबी है। उम्मीद है कि सरकार इन लोगों के सब्र की परीक्षा नहीं लेगी और जल्द ही उनके भविष्य को सुरक्षित करने का गरिमामयी निर्णय लेगी।

Rex TV India Author:अजय त्यागी June 3, 2026: 10:07 PM © 2026 Rex TV India Contact @ 91 6376887816 | rextvindia@gmail.com
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