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Rex TV India
Latest News प्रादेशिक Digital Newsletter 16 Jun 2026 · 9:06 PM

ईडी की बड़ी कार्रवाई: मिलावटी डेयरी प्रोडक्ट्स का भंडाफोड़

प्रतीकात्मक फोटो - Rex TV India

भोपाल, मध्य प्रदेश। प्रवर्तन निदेशालय (ED) के भोपाल जोनल ऑफिस ने मेसर्ज जयश्री गायत्री फूड प्रोडक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड और उससे जुड़े लोगों के खिलाफ मिलावटी डेयरी प्रोडक्ट्स का भंडाफोड़ करते हुए मनी लॉन्ड्रिंग मामले की जांच के तहत एक बेहद कड़ा कदम उठाया है। केंद्रीय जांच एजेंसी ने इस कार्रवाई के दौरान लगभग तीन करोड़ रुपये की चल और अचल संपत्तियों को अस्थायी रूप से ज़ब्त कर लिया है। ज़ब्त की गई इन संपत्तियों में मुख्य आरोपी सुनील कुमार त्रिपाठी, उनके परिवार के सदस्यों और उनके द्वारा नियंत्रित विभिन्न व्यावसायिक संस्थाओं के नाम पर मौजूद एक रिहायशी मकान, प्लॉट और कई बैंक बैलेंस शामिल हैं।[1] 

जांच एजेंसी ने मेसर्ज जयश्री गायत्री फ़ूड प्रोडक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड यानी जेजीएफपीएल से जुड़े डायरेक्टरों, तत्कालीन अधिकारियों और अन्य संदेहास्पद लोगों के खिलाफ दर्ज आपराधिक साजिश, धोखाधड़ी व जालसाजी के मामले को आधार बनाकर अपनी तफ्तीश शुरू की थी। प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट के तहत हुई इस सघन जांच से यह चौंकाने वाला सच सामने आया कि जेजीएफपीएल नामक यह फर्म बड़े पैमाने पर घटिया और अमानक खाद्य सामग्री बनाने के अवैध धंधे में शामिल थी। इतना ही नहीं, इस फर्म द्वारा इन्हीं असुरक्षित खाद्य पदार्थों को विदेशों में एक्सपोर्ट करने का काला कारोबार भी धड़ल्ले से चलाया जा रहा था।

फर्जीवाड़ा और जालसाजी

ईडी की वित्तीय जांच में यह पूरी तरह साफ हो गया है कि मेसर्ज जेजीएफपीएल ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एक्सपोर्ट की जरूरी मंजूरी पाने के लिए पूरी तरह से फर्जी लैबोरेटरी रिपोर्ट का इस्तेमाल किया था। कंपनी के तत्कालीन मुख्य कार्यकारी अधिकारी यानी सीईओ सुनील कुमार त्रिपाठी ने दूसरे सहयोगियों के साथ मिलकर ऐसी फर्जी रिपोर्ट्स को तैयार कराने और सरकारी विभागों में उनका इस्तेमाल करने में सबसे मुख्य भूमिका निभाई थी। इन नकली रिपोर्ट्स का इस्तेमाल बाद में प्राधिकृत अधिकारियों से हेल्थ सर्टिफिकेट हासिल करने के लिए किया गया था और इसी धोखाधड़ी के आधार पर खाद्य पदार्थों को बाहर भेजा गया।

इसके साथ ही जांच में यह भी प्रामाणिक रूप से पता चला है कि सुनील कुमार त्रिपाठी जेजीएफपीएल के वैध स्टॉक से डेयरी प्रोडक्ट्स को अवैध तरीके से दूसरी जगह भेजने और उनका गलत इस्तेमाल करने में सीधे तौर पर शामिल थे। इस तरह गुपचुप तरीके से हटाए गए प्रोडक्ट्स को उनके पूर्ण नियंत्रण वाली मुखौटा कंपनियों, जैसे सियाजीत एक्सपोर्ट्स, सुगम फूड्स और अन्य के ज़रिए बेचा गया। इस अवैध बिक्री को कानूनी रूप देने के लिए बाजार में पूरी तरह फर्जी इनवॉइस और नकली बिलों का धड़ल्ले से इस्तेमाल किया गया था ताकि कोई पकड़ न सके।

काले धन का चक्र

बाजार में अवैध तरीके से की गई इस बिक्री से आरोपियों को जो भारी-भरकम रकम मिली, उसे कई संदिग्ध शेल कंपनियों के जरिए वित्तीय तंत्र में घुमाया गया था। इस फर्जी ट्रांजैक्शन की मदद से उन कंपनियों के खातों में पैसा डाला गया, जिनका आपस में मूल रूप से कोई व्यापारिक संबंध ही नहीं था। आरोपियों ने यह सब सुनियोजित साजिश के तहत इसलिए किया ताकि अपराध से हुई इस अवैध कमाई के वास्तविक स्रोत को छुपाया जा सके और केंद्रीय एजेंसियों की नजरों से बचा जा सके। इस चक्र को तोड़कर सरकार ने मिलावटी डेयरी प्रोडक्ट्स का भंडाफोड़ कर सख्त संदेश दिया है।

इससे पहले ईडी ने मिलावटी डेयरी प्रोडक्ट्स का भंडाफोड़ करते हुए पीएमएलए के कड़े प्रावधानों के तहत त्वरित कार्रवाई करते हुए जयश्री गायत्री फूड प्रोडक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड के मैनेजिंग डायरेक्टर किशन मोदी और कंपनी के पूर्व सीईओ सुनील कुमार त्रिपाठी को औपचारिक रूप से गिरफ़्तार कर लिया था। ये दोनों मुख्य आरोपी वर्तमान में अदालत के आदेश पर न्यायिक हिरासत में जेल में बंद हैं। इस वित्तीय घोटाले को लेकर स्पेशल कोर्ट के समक्ष ईडी द्वारा प्रॉसिक्यूशन कंप्लेंट पहले ही आधिकारिक रूप से दायर की जा चुकी है, जिससे आरोपियों की मुश्किलें लगातार बढ़ती जा रही हैं।

वित्तीय कड़ियों की जांच

केंद्रीय जांच एजेंसी के अधिकारी अब अपराध से हुई कुल कमाई का सटीक पता लगाने, पूरे मनी ट्रेल की गहराई से जानकारी हासिल करने और मनी लॉन्ड्रिंग के इस बड़े अपराध से जुड़े अन्य पर्दे के पीछे के लोगों एवं संदिग्ध कंपनियों की वास्तविक भूमिका का पता लगाने का लगातार प्रयास कर रहे हैं। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में कुछ और बड़े खुलासे हो सकते हैं। इस कड़े प्रशासनिक शिकंजे के बाद पूरे प्रदेश के खाद्य कारोबारियों में हड़कंप मचा हुआ है, जिससे मिलावटी डेयरी प्रोडक्ट्स का भंडाफोड़ कर पूरी सप्लाई चेन को ध्वस्त किया जा सके।

अस्वीकरण (Disclaimer):

यह रिपोर्ट विश्वस्त समाचार एजेंसी एवं स्रोतों से प्राप्त तथ्यों पर आधारित है। इसका प्रकाशन केवल सूचनात्मक उद्देश्य से किया गया है। यह प्रवर्तन निदेशालय द्वारा मेसर्ज जयश्री गायत्री फूड प्रोडक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड के खिलाफ की गई संपत्ति जब्ती और मनी लॉन्ड्रिंग मामले की जांच से संबंधित है। इस रिपोर्ट के आधार पर लिए गए किसी भी निर्णय के लिए लेखक, प्रकाशक एवं संपादक उत्तरदायी नहीं हैं।

Rex TV India Author:अजय त्यागी June 16, 2026: 9:06 PM © 2026 Rex TV India Contact @ 91 6376887816 | rextvindia@gmail.com
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