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Rex TV India
Latest News राष्ट्रीय Digital Newsletter 01 Sep 2026 · 6:22 PM

जैश मुख्यालय बहाल, ऑपरेशन सिंदूर के बाद पाकिस्तान की नई रणनीति का दावा

जैश मुख्यालय बहाल

नई दिल्ली, दिल्ली। जैश मुख्यालय बहाल होने की खबर के बीच पाकिस्तानी अधिकारियों की कथित भूमिका और ISI की बदली रणनीति को लेकर सुरक्षा एजेंसियों ने अहम जानकारी दी है। IANS की एक रिपोर्ट के अनुसार, खुफिया अधिकारियों का दावा है कि बहावलपुर स्थित मार्कज सुभानअल्लाह को दोबारा सक्रिय करने के लिए करीब 250 मिलियन पाकिस्तानी रुपये की मदद दी गई। हालांकि अब इस ठिकाने पर पहले जैसी गतिविधियां नहीं होने की बात कही गई है। अधिकारियों के मुताबिक ऑपरेशन सिंदूर में नुकसान के बाद संगठन के प्रशिक्षित कैडर को लेकर सुरक्षा चिंता बढ़ी है।  [1]

ठिकाने पर सीमित हलचल

खुफिया अधिकारियों के मुताबिक जैश मुख्यालय बहाल करने के बाद बहावलपुर के ठिकाने पर कम संख्या में कैडर रखने के निर्देश दिए गए हैं। संगठन के शीर्ष नेताओं को भी कुछ समय तक वहां जाने से बचने को कहा गया है। अधिकारियों का कहना है कि पिछले 15 महीनों में परिसर का पुनर्निर्माण अधिकतर प्रतीकात्मक उद्देश्य से किया गया है ताकि संभावित नए भर्ती होने वालों के बीच संगठन की मौजूदगी का संदेश बना रहे। सुरक्षा व्यवस्था भी पहले के मुकाबले कई गुना बढ़ाए जाने का दावा किया गया है। बड़े कार्यक्रमों से फिलहाल दूरी रखने की रणनीति अपनाई जा रही है।

अधिकारियों के अनुसार ISI की चिंता केवल इमारत या दूसरे बुनियादी ढांचे को लेकर नहीं बल्कि प्रशिक्षित कैडर को सुरक्षित रखने को लेकर ज्यादा है। उनका दावा है कि ऑपरेशन सिंदूर के दौरान ठिकाने पर मौजूद बड़ी संख्या में प्रशिक्षित लोगों को नुकसान पहुंचा था। सुरक्षा अधिकारियों का कहना है कि किसी परिसर का दोबारा निर्माण अपेक्षाकृत आसान हो सकता है लेकिन प्रशिक्षित कैडर तैयार करने में कई महीने या कभी कभी वर्षों का समय लग सकता है। इसी वजह से संगठन के लोगों को संभावित निशाने वाले ठिकानों से दूर रखने की रणनीति पर जोर दिया जा रहा है।

PoK में बढ़ी तैयारी

खुफिया अधिकारियों ने दावा किया है कि ISI जम्मू कश्मीर में बड़े पैमाने की आतंकी गतिविधि के लिए जैश ए मोहम्मद, लश्कर ए तैयबा और हिजबुल मुजाहिदीन को साथ इस्तेमाल करने की योजना पर काम कर रही है। उनके मुताबिक इन संगठनों के प्रशिक्षित लोगों को पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर में मौजूद लॉन्च पैड की ओर भेजने के निर्देश दिए गए हैं ताकि उन्हें ऐसे स्थायी ठिकानों पर न रखा जाए जो संभावित हमलों का निशाना बन सकते हैं। जैश मुख्यालय बहाल होने के बावजूद संगठन के कैडर की सुरक्षा को लेकर यह बदलाव महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

अधिकारियों का यह भी दावा है कि प्रशिक्षित कैडर के नुकसान से भर्ती अभियान प्रभावित हो सकता है। उनके मुताबिक ISI अब केवल शीर्ष नेतृत्व की सुरक्षा तक सीमित नहीं है बल्कि अलग अलग स्तर के कैडर को भी बचाने पर ध्यान दे रही है। सुरक्षा अधिकारियों का कहना है कि आतंकवादी गतिविधियों में मारे गए सदस्यों को प्रचार के जरिए नए लोगों की भर्ती के लिए इस्तेमाल किए जाने की कोशिश हो सकती है। हालांकि इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। ऑपरेशन सिंदूर के बाद क्षेत्र में आतंकी संगठनों की रणनीति पर भारतीय सुरक्षा एजेंसियों की निगरानी लगातार बनी हुई है।

अस्वीकरण (Disclaimer):

यह रिपोर्ट विश्वस्त समाचार एजेंसियों और स्रोतों से प्राप्त तथ्यों पर आधारित है। इसका प्रकाशन केवल सूचना के उद्देश्य से किया गया है। पाकिस्तान की कथित आर्थिक सहायता, ISI की रणनीति और आतंकी संगठनों की भविष्य की गतिविधियों से संबंधित दावे सुरक्षा अधिकारियों द्वारा बताए गए हैं और इन सभी दावों की स्वतंत्र पुष्टि उपलब्ध नहीं है। इस रिपोर्ट के आधार पर लिए गए किसी भी निर्णय के लिए लेखक, प्रकाशक एवं संपादक किसी भी रूप में उत्तरदायी नहीं होंगे।

Rex TV India Author:अजय त्यागी September 1, 2026: 6:22 PM © 2026 Rex TV India Contact @ 91 6376887816 | rextvindia@gmail.com
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