खोए मोबाइल पाकर खिले चेहरे, विशेष अभियान में पुलिस ने किए बरामद
पुलिस ने लोगों के खोए हुए मोबाइल लौटाए। विशेष अभियान के तहत तकनीक की मदद से लाखों रुपये की कीमत के मोबाइल पुलिस ने बरामद किए गए थे।
पुलिस ने लोगों के खोए हुए मोबाइल लौटाए
बीकानेर, राजस्थान। रेंज पुलिस ने आधुनिक तकनीक और त्वरित कार्रवाई का शानदार प्रदर्शन करते हुए लोगों के खोए हुए फोन खोजने में बड़ी सफलता हासिल की है। इस दौरान पुलिस टीम ने क्षेत्र के विभिन्न स्थानों से कुल सौ मोबाइल फोन खोज निकाले हैं। महानिरीक्षक पुलिस ओम प्रकाश के निर्देश पर पिछले तीस दिनों से चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत पुलिस ने रिकॉर्ड तोड़ काम किया है। पुलिस की इस मुस्तैदी से आम लोगों में सुरक्षा का विश्वास मजबूत हुआ है। इस दौरान बड़ी संख्या में गुमशुदा मोबाइल फोन बरामद किए गए। [1]
पुलिस की मुस्तैदी
इस विशेष अभियान के दौरान बरामद किए गए सभी मोबाइल फोन की अनुमानित कुल कीमत लगभग पच्चीस लाख तीस हजार रुपये आंकी गई है। पुलिस महानिरीक्षक ओम प्रकाश ने बताया कि यह पूरी कार्रवाई मुख्यालय स्तर पर प्राप्त कड़े निर्देशों की पालना में की गई थी। इस अभियान को सफल बनाने के लिए रेंज के विभिन्न पुलिस थानों की टीमों को लगाया गया था जिन्होंने आपसी समन्वय और तकनीकी उपकरणों के बेहतर तालमेल से इस बड़ी रिकवरी को मुमकिन बनाया है।
इस पूरी कार्रवाई के दौरान पुलिस ने तकनीकी विश्लेषण का भरपूर उपयोग किया। जिन लोगों के फोन सालों पहले गुम हो चुके थे उन्हें खोजने के लिए विशेष टीमों का गठन किया गया था। पुलिस टीमों ने बेहद सक्रियता से काम करते हुए महज तीन दिन पहले खोए फोन से लेकर करीब चार साल पहले तक के फोन खोजे हैं। इतने पुराने मामलों में फोन मिलने की उम्मीद पूरी तरह से खत्म हो चुकी थी लेकिन पुलिस की मेहनत से इस विशेष अभियान को लगातार बड़ी सफलता मिलती रही।
पोर्टल की मदद
पुलिस महानिरीक्षक ने बताया कि इस बड़ी सफलता के पीछे भारत सरकार के सेंट्रल इक्विपमेंट आइडेंटिटी रजिस्टर यानी सीईआईआर पोर्टल की बहुत बड़ी भूमिका रही है। इस आधुनिक पोर्टल के माध्यम से गुम या चोरी हुए सभी मोबाइल फोन की तकनीकी जानकारी का गहराई से विश्लेषण किया गया। इसके बाद पुलिस ने उनके सटीक लोकेशन को ट्रेस किया और अलग-अलग जगहों पर दबिश देकर इन्हें सुरक्षित वापस लाने में एक महत्वपूर्ण कामयाबी हासिल की है।
यह आधुनिक पोर्टल सुरक्षा के लिहाज से वर्तमान समय में वरदान साबित हो रहा है। आईजी ओम प्रकाश ने आम लोगों से भी अपील की है कि मोबाइल गुम होने या चोरी होने की स्थिति में वे बिल्कुल भी लापरवाही न बरतें। उन्होंने कहा कि ऐसी किसी भी घटना के बाद सबसे पहले नजदीकी पुलिस स्टेशन में जाकर इसकी लिखित सूचना दें और फिर तुरंत सरकारी पोर्टल पर जाकर अपनी शिकायत दर्ज कराएं ताकि समय रहते पुलिस द्वारा इस विशेष अभियान की मदद से उन्हें खोजा जा सके।
मुस्कान की वापसी
पुलिस के अनुसार वर्तमान समय में मोबाइल फोन केवल बातचीत करने का एक साधारण साधन नहीं रह गया है बल्कि इसमें लोगों का व्यक्तिगत और बेहद संवेदनशील डेटा सुरक्षित रहता है। इसमें लोगों की बैंकिंग जानकारी डिजिटल भुगतान के दस्तावेज और महत्वपूर्ण शैक्षणिक और व्यावसायिक डेटा मौजूद होता है। इसलिए समय पर शिकायत मिलने से इन उपकरणों का गलत इस्तेमाल रोका जा सकता है और इन्हें ढूंढने की संभावना भी काफी ज्यादा बढ़ जाती है।
लापता फोन वापस मिलने पर लोगों के चेहरों पर बड़ी मुस्कान लौट आई है। कई लोगों ने बताया कि उनका फोन सालों पहले गुम हो चुका था और उन्हें इसे दोबारा पाने की कोई उम्मीद नहीं बची थी। लोगों ने इस बेहतरीन काम के लिए रेंज पुलिस और एसपी मृदुल कच्छावा की पूरी टीम का आभार व्यक्त किया है। पुलिस की इस संवेदनशीलता और तकनीकी दक्षता के चलते एक बार फिर इस विशेष अभियान के तहत भारी मात्रा में मोबाइल फोन मिलने से जनता का भरोसा मजबूत हुआ है।
अस्वीकरण (Disclaimer):
यह रिपोर्ट विश्वस्त समाचार एजेंसियों और स्रोतों से प्राप्त तथ्यों पर आधारित है। इसका प्रकाशन केवल सूचना के उद्देश्य से किया गया है। यह रिपोर्ट बीकानेर पुलिस द्वारा चलाए गए मोबाइल बरामदगी अभियान और सीईआईआर पोर्टल के उपयोग से संबंधित है। इस रिपोर्ट के आधार पर लिए गए किसी भी निर्णय के लिए लेखक, प्रकाशक एवं संपादक किसी भी रूप में उत्तरदायी नहीं होंगे।