जयपुर के डॉक्टरों ने किशोरी के पेट से 12 किलो की गांठ निकाल कर SMS अस्पताल की सफलता के इतिहास में एक नया स्वर्णिम अध्याय जोड़ दिया है।
राजस्थान सरकार ने राजकीय अधिकारियों और कर्मचारियों के स्थानांतरण पर लगी पूर्ण रोक को हटाते हुए तबादला नीति में बड़ी राहत प्रदान की है।
भीलवाड़ा में री-नीट परीक्षा से ठीक पहले टेलीग्राम पर पाबंदी के बावजूद वीपीएन से ठगी का जाल बुनकर NEET का फर्जी पेपर बेचने वाला गिरफ्तार कर लिया गया है।
नगरीय निकायों में नियमों के कारण वाल्मीकि समाज सड़कों पर उतर आया है जिससे सफाई कर्मी भर्ती का विरोध प्रदेश स्तर पर तेज हो गया है।
कांकर छाजा गांव में विद्युत लाइन बिछाने के खिलाफ ग्रामीणों ने मोर्चा खोल दिया है जिसके चलते क्षेत्र में सोलर प्लांट का भारी विरोध देखने को मिल रहा है।
खरीफ सीजन की शुरुआत के साथ ही हाड़ौती क्षेत्र में फर्टिलाइजर की भारी कमी देखी जा रही है जिससे यहाँ खाद संकट से जूझते किसान बेहद परेशान हैं।
पिछोला झील के पास साहसिक एडवेंचर के दौरान एक बड़ा हादसा हो गया गनीमत रही कि सत्तर फीट ऊंचाई पर हवा में फंसे पर्यटक सुरक्षित बचाए गए।
स्थानीय स्तर पर चिकित्सा व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने और प्रसूताओं को न्याय दिलाने के लिए व्यापक स्तर पर पीबीएम सुधारो जन आन्दोलन चलाया जा रहा है।
लीग चरण और नॉकआउट मुकाबलों के विजेताओं के सम्मान के साथ उत्सव क्लब द्वारा विशेष रूप से प्रायोजित इंडोर गेम्स की भव्य रोमांचक खेल प्रतियोगिता का समापन हो गया है।
गत सात दिनों से जारी रोमांचक क्रिकेट टूर्नामेंट लीग चरण के अंतिम मुकाबलों के बाद अब रोमांचक क्वार्टर फाइनल दौर में प्रवेश कर चुका है।
वरिष्ठ खेल पदाधिकारियों की उपस्थिति में खेल संगठन की नई कार्यकारी समिति के गठन के लिए बेडमिन्टन संघ के चुनाव निर्विरोध संपन्न हुए।
बीकानेर में वंदे मातरम टीम द्वारा आयोजित सामूहिक हनुमान चालीसा पाठ के दौरान तीन नए प्रयोग शुरू किए गए और योग गुरु का भव्य सम्मान भी किया गया।
भीलवाड़ा में महेश नवमी महोत्सव के तहत रचनात्मक प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया जिसमें सास-बहू रैंप वॉक, मांडना कला और अंताक्षरी की धूम रही।
भीलवाड़ा में आयोजित प्रतियोगिता के दौरान खेल का जबरदस्त रोमांच देखने को मिला जहाँ विभिन्न आयु वर्ग के कुल 147 खिलाड़ियों ने अपना उत्कृष्ट खेल कौशल दिखाया है।
पीबीएम अस्पताल के ICU में भर्ती गंभीर प्रसूताओं के इलाज में चिकित्सकों की मेहनत रंग लाई है। जिससे सफल इलाज के बाद अब प्रसूताएं घर लौट रहीं हैं।